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राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

भीषण गर्मी से महाराष्ट्र में स्ट्रॉबेरी और आम की पैदावार आधी हुई

28 मार्च 2025, नई दिल्ली: भीषण गर्मी से महाराष्ट्र में स्ट्रॉबेरी और आम की पैदावार आधी हुई – महाराष्ट्र के सतारा जिले में असामान्य रूप से बढ़ते तापमान ने स्ट्रॉबेरी और आम की खेती पर गंभीर असर डाला है। फरवरी से तापमान 35-36°C के आसपास बना हुआ है, जिससे महाबलेश्वर, वाई और जावली तालुका के किसानों को मार्च के अंत में भी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

महाबलेश्वर, जो स्ट्रॉबेरी उत्पादन का प्रमुख क्षेत्र है, वहां अत्यधिक गर्मी के कारण फलों के उत्पादन चक्र में बाधा आ रही है, खासकर बाद के चरणों में। अत्यधिक तापमान के चलते स्ट्रॉबेरी समय से पहले पक रही हैं, जिससे उनके आकार छोटे हो रहे हैं और स्वाद भी प्रभावित हो रहा है। आमतौर पर, स्ट्रॉबेरी के लिए 15°C से 20°C का तापमान उपयुक्त होता है, लेकिन वर्तमान में तापमान इससे काफी अधिक है।

समय से पहले पकने और अधिक गर्मी के कारण बड़ी मात्रा में फसल खराब हो रही है, जिससे किसान उसे बाजार में बेच नहीं पा रहे हैं। इस वजह से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। आम की फसल भी प्रभावित हुई है, जहां बड़े फलों पर दाग पड़ रहे हैं और समय से पहले गिर रहे हैं। इसके अलावा, अत्यधिक गर्मी के कारण आम के फूल सूख रहे हैं, जिससे उत्पादन में भारी गिरावट आ रही है।

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वाई तालुका के स्ट्रॉबेरी किसान उमेश खमकर ने बताया, “हम यहाँ सफेद स्ट्रॉबेरी की खेती करते हैं, जिसका फलन चक्र छह महीने का होता है। लेकिन बढ़ते तापमान की वजह से फसल को नुकसान हो रहा है। फूल झड़ रहे हैं और हमें पौधों को धूप से बचाने के लिए जाल का उपयोग करना पड़ रहा है।”

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किसानों का अनुमान है कि इस सीजन में उत्पादन 50% तक कम हो सकता है, जिससे स्ट्रॉबेरी खेती की लागत और अधिक बढ़ जाएगी। लगातार बढ़ते तापमान के कारण पौधों में गर्मी का तनाव बढ़ रहा है, जिससे फूल कम आ रहे हैं, फल जल्दी पक रहे हैं और उनकी गुणवत्ता भी गिर रही है। इसके अलावा, अत्यधिक गर्मी से कीटों और बीमारियों का प्रकोप भी बढ़ रहा है, जिससे किसानों की परेशानियां और बढ़ गई हैं।

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