PM मोदी ने असम से जारी की किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त, 9 करोड़ से ज्यादा किसानों के खातों में आए 2-2 हजार
16 मार्च 2026, नई दिल्ली: PM मोदी ने असम से जारी की किसान सम्मान निधि की 22वीं किस्त, 9 करोड़ से ज्यादा किसानों के खातों में आए 2-2 हजार – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम के गुवाहाटी में लगभग ₹19,4800 करोड़ की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर आयोजित विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने शहर के लोगों, देशभर के किसानों और असम के चाय बागानों में काम करने वाले श्रमिकों का अभिवादन किया। प्रधानमंत्री ने नवरात्र की पूर्व संध्या पर मां कामाख्या की पवित्र भूमि पर उपस्थित होने का सौभाग्य मिलने पर आभार व्यक्त किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि मां कामाख्या के आशीर्वाद से यह परियोजनाएँ असम को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने और राज्य में आने-जाने की सुविधा बढ़ाने में मदद करेंगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह दिन देश के किसानों और चाय बागानों में काम करने वाले मजदूरों के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण है। प्रधानमंत्री ने बताया कि पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत ₹18,000 करोड़ से अधिक राशि देश के करोड़ों किसानों के खातों में हस्तांतरित की जा चुकी है। अकेले असम में ही लगभग 19 लाख किसानों को अब तक ₹8,000 करोड़ का लाभ मिल चुका है।
कृषि और किसानों के लिए सशक्त सुरक्षा कवच
प्रधानमंत्री ने इस योजना को छोटे किसानों के लिए सामाजिक सुरक्षा का माध्यम बताते हुए कहा कि पिछले 11 वर्षों में सरकार ने किसानों के चारों ओर मजबूत सुरक्षा कवच तैयार किया है। चाहे वह न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP), सस्ते ऋण, फसल बीमा या पीएम किसान सम्मान निधि हो, ये सभी पहल किसानों के लिए सहारा बन गई हैं। उन्होंने यह भी बताया कि अंतरराष्ट्रीय संकटों और उर्वरक की बढ़ती कीमतों के बावजूद सरकार ने किसानों को राहत प्रदान की है। उदाहरण के तौर पर यूरिया की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में ₹3,000 प्रति कट्टा होने के बावजूद किसानों को मात्र ₹300 में उपलब्ध कराई गई।
सस्टेनेबल और तकनीक आधारित कृषि विकास
प्रधानमंत्री ने कृषि को नई तकनीकों से जोड़ने और किसानों को सिंचाई, माइक्रो-इरिगेशन तथा सोलर पंप जैसी प्रणालियों से लाभान्वित करने के सरकारी प्रयासों का विवरण दिया। उन्होंने बताया कि सरकार नैनो यूरिया और प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देकर किसानों की लागत कम कर रही है और मिट्टी की सुरक्षा सुनिश्चित कर रही है। इसके अलावा, ‘कुसुम योजना’ के तहत किसानों को ऊर्जा उत्पादन और आमदनी के नए अवसर भी मिल रहे हैं।
पूर्वोत्तर में अवसंरचना और रोजगार
प्रधानमंत्री ने बताया कि असम में लोअर कोपिली जलविद्युत परियोजना, नुमालीगढ़-सिलिगुड़ी गैस पाइपलाइन का उन्नयन और गोलाघाट में सेकंड-जेनरेशन बायो-इथेनॉल प्लांट जैसी परियोजनाओं से रोजगार के नए अवसर और आर्थिक समृद्धि बढ़ रही है। उन्होंने असम में पर्यटन के विकास, ब्रह्मपुत्र पर क्रूज़ टर्मिनल और वॉटर टूरिज़्म की संभावनाओं पर भी जोर दिया। प्रधानमंत्री ने चाय बागानों में काम करने वाले श्रमिकों को जमीन और पक्के मकान देने की पहल की सराहना की और उनके बच्चों के लिए बेहतर शिक्षा के अवसर सुनिश्चित करने का उल्लेख किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि असम देश के पूर्वोत्तर में आदर्श और विकसित राज्य के रूप में उभर रहा है। उन्होंने युवाओं और परिवारों से मिलकर काम करने का आह्वान किया ताकि असम का समग्र विकास सुनिश्चित हो और यह पूरे क्षेत्र के लिए प्रेरणा बने।
आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़, व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture

