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राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

सरकार की सहायता से ऐसे लगवाएं सोलर पंप: जानें कैसे उठाएं सब्सिडी का लाभ

24 अगस्त 2024, नई दिल्ली: सरकार की सहायता से ऐसे लगवाएं सोलर पंप: जानें कैसे उठाएं सब्सिडी का लाभ – केंद्र सरकार की पीएम-कुसुम योजना के तहत किसानों को अब सोलर पावर पंप लगाने का सुनहरा मौका मिल रहा है। यह योजना उन किसानों के लिए है जो बिना बिजली कनेक्शन के डीजल इंजन से खेतों की सिंचाई करते हैं। इस योजना के तहत सोलर पंप पर 60 प्रतिशत अनुदान दिया जा रहा है, जिससे आपकी सिंचाई की समस्या का हल हो जाएगा। आइए जानते हैं, इस योजना का लाभ कैसे उठाया जा सकता है और इसके लिए आवेदन की प्रक्रिया क्या है।

सोलर पंप के लिए अनुदान और लागत

पीएम-कुसुम योजना के तहत 3, 5 और 7.5 हॉर्स पावर के सोलर पंप पर 60 प्रतिशत अनुदान दिया जा रहा है। इसमें 30 प्रतिशत अनुदान केंद्र सरकार और 30 प्रतिशत राज्य सरकार की ओर से दिया जाएगा। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के किसानों को राज्य सरकार की ओर से 45 हजार रुपये का अतिरिक्त अनुदान भी मिलेगा। किसान को पंप संयंत्र की कुल लागत का 40 प्रतिशत हिस्सा खुद वहन करना होगा, जिसमें से 30 प्रतिशत तक की राशि बैंक से ऋण के रूप में प्राप्त की जा सकती है।

आवेदन की प्रक्रिया

  1. राजकिसान साथी पोर्टल: सोलर पंप लगाने के लिए आवेदन राजकिसान साथी पोर्टल पर किया जा सकता है। इसके लिए आप ई-मित्र या अपनी एसएसओ आईडी का उपयोग कर सकते हैं।
  2. तकनीकी सर्वे: आवेदन के बाद संबंधित फर्म आपके जलस्रोत का तकनीकी सर्वे करेगी और रिपोर्ट पोर्टल पर अपलोड करेगी।
  3. स्वीकृति और भुगतान: सर्वे के बाद जिला उद्यान विभाग द्वारा प्रशासनिक स्वीकृति जारी की जाएगी। इसके बाद, आपको अपनी हिस्सेदारी (40 प्रतिशत राशि) पोर्टल पर दिए गए लिंक के माध्यम से जमा करनी होगी। इसके बाद पंप संयंत्र लगाने का कार्यादेश जारी किया जाएगा।
  4. स्थापना और सत्यापन: पंप संयंत्र की स्थापना के बाद, उसका सत्यापन किया जाएगा और आपको अनुदान की राशि चरणों में दी जाएगी।

पात्रता और जरूरी दस्तावेज

भूमि का स्वामित्व: योजना का लाभ उठाने के लिए किसान के पास कम से कम 0.4 हेक्टेयर भूमि का स्वामित्व होना जरूरी है। अनुसूचित जनजाति क्षेत्र के किसानों के लिए 0.2 हेक्टेयर भूमि का स्वामित्व पर्याप्त है।

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सिंचाई जल स्रोत: किसान के पास जल संग्रहण ढांचा, डिग्गी या फार्म पौण्ड होना चाहिए।

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शपथ पत्र: अगर किसान के पास बिजली कनेक्शन नहीं है और वह डीजल इंजन से सिंचाई कर रहा है, तो उसे शपथ पत्र देना होगा।

आवेदन से पहले किसान सुनिश्चित करें कि आपके पास जनाधार कार्ड, भूमि की जमाबंदी या पासबुक की प्रतिलिपि और सिंचाई जल स्रोत की उपलब्धता की स्वघोषित शपथ पत्र तैयार हो। इस योजना के तहत लघु और सीमांत किसानों को प्राथमिकता दी गयी है। जो किसान पहले से कृषि विद्युत कनेक्शन का लाभ ले रहे हैं, वे इस योजना के लिए पात्र नहीं होंगे।

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