अंकुरण क्षमता बढ़ाने में सहायक साइटोजाइम का एसडीएम

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अंकुरण क्षमता बढ़ाने में सहायक साइटोजाइम का एसडीएम

15 जून 2020, इंदौर। अमेरिकी कम्पनी साइटोजाइम के उत्पाद एसडीएम का इस वर्ष गेहूं में प्रयोग करने वाले छिंदवाड़ा के उच्च शिक्षित किसान श्री क्षितिज पंवार के अनुसार एसडीएम से गेहूं का न केवल अंकुरण अच्छा हुआ, बल्कि गेहूं की पौधों की ऊंचाई भी बहुत बढ़ गई. यह उत्पाद इस वर्ष हुए कई जलवायु परिवर्तन में भी सही साबित हुआ.

आपको बता दें कि साइटोजाइम के उत्पाद एसडीएम के प्रयोगकर्ता किसान श्री क्षितिज पवार कृषि में स्नातकोत्तर हैं और उन्होंने पादप प्रजनन एवं कृषि आनुवंशिकी विषय में 2014 में पीएचडी भी हासिल की है. वे विभिन्न फसलों की संकर किस्मों को विकसित करने का भी कार्य करते हैं. कृषक जगत से अपने अनुभव साझा करते हुए उन्होंने कहा कि एसडीएम का प्रयोग गेहूं उत्पादन कार्यक्रम के तहत इस वर्ष अपनी हल्की जमीन में किया था.

इसके नतीजे उत्साहवर्धक रहे. बीजों के उगने की क्षमता में वृद्धि हुई और जिस जमीन पर प्राय: गेहूं की पौधों की ऊंचाई कम रह जाती है वहां ऊंचाई में भी विस्तार हुआ. गत वर्ष फसलों ने मौसम के कई उतार -चढ़ाव देखे ,लेकिन एसडीएम के प्रयोग से पौधे पर्यावरणीय वातावरण को सहन करने में सक्षम रहे और मजबूती के साथ खड़े भी रहे. यह सब पौधों की प्रतिरोधक क्षमता बढऩे से हुआ. सम्पर्क नंबर 9131148664 .

उल्लेखनीय है कि अमेरिकी कम्पनी साइटोजाइम का उत्पाद एसडीएम (एसडी मैक्रो) कृषि फसलों के विकास के लिए ऐसा उपयुक्त पोषण अनुपूरक है, जो एनपीके, मैग्नीशियम, सल्फर, कोबाल्ट, कॉपर , आइरन, मैगनीज, मोलिब्डेनम और जिंक जैसे पोषक तत्वों का भरपूर मिश्रण है. ये पोषक तत्व जड़, पत्तियों के विकास,पौधों की मजबूती प्रदान करता है. इससे बीजांकुरण के लिए जरुरी प्रोटीन निर्माण में मदद मिलती है. महत्वपूर्ण एंजाइमों को सक्रिय करता है.

यह जड़ तंत्र को मजबूत कर पौधों के तनाव के प्रतिरोध को भी प्रभावित करता है. यह आरम्भ से अंत तक पौधों को स्वस्थ रखता है. इसके बीजोपचार से उपज की गुणवत्ता और उत्पादन में वृद्धि होती है. बीजोपचार हेतु मक्का के लिए 4 ग्राम, मूंगफली के लिए 2 ग्राम और प्याज, लहसुन, मिर्च आदि के लिए 3 ग्राम/किग्रा बीज की अनुशंसा की गई है.

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