कृषि विकास का रोड मैप तैयार करने के लिए बीएचयू व फार्ड फाउण्डेशन ने किया एमओयू

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17 अक्टूबर 2020, वाराणसी। कृषि विकास का रोड मैप तैयार करने के लिए बीएचयू व फार्ड फाउण्डेशन ने किया एमओयू  काशी हिन्दू विश्वविद्यालय और एनजीओ  फाउंडेशन फॉर एडवांसमेंट ऑफ एग्रीकल्चर एंड रूरल डेवेलपमेंट (फॉर्ड फाउंडेशन) के मध्य प्रोजेक्ट, प्रशिक्षण कार्यक्रम, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण, ग्रामीण विकास के कार्यक्रम व अन्य ऑउट रीच प्रोग्राम को साथ मिलकर करने के उद्दश्य से गत दिवस  एक सहमति पत्र पर हस्ताक्षर हुआ। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के पूर्व कुलपति व रानी लक्ष्मी बाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय झांसी के चांसलर प्रख्यात कृषि वैज्ञानिक प्रो. पंजाब सिंह व वर्तमान कुलपति प्रो. राकेश भटनागर की गरिमामय उपस्थिति में अध्यक्ष, फॉर्ड फाउंडेशन व कुलसचिव डॉ. नीरज त्रिपाठी ने सहमति पत्र हस्ताक्षर किया। इस दौरान कृषि विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. रमेश चंद्रा, डीन प्रो. ए पी सिंह, कृषि विज्ञान संस्थान के पूर्व निदेशक प्रो. एस आर सिंह, उपकुलसचिव (विकास) श्री वेणुगोपाल, बीएचयू के जन सम्पर्क अधिकारी डॉ. राजेश सिंह, फॉर्ड फाउंडेशन के ट्रस्टी डॉ. उमेश सिंह सहित अन्य अधिकारी गण उपस्थित थे। इस सहमति पत्र के होने के साथ फॉर्ड फाउंडेशन जो कि वर्ष 2005 से ग्रामीण विकास व किसानों के लिए अनेकों प्रकार के तकनीकी सहयोग, प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित करता रहा है तथा  अब तक 18 फार्मर्स प्रोड्यूसर्स आर्गेनाईजेशन को तकनीकी सपोर्ट प्रदान कर रहा है।

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साथ ही पूर्वान्चल के विभिन्न जनपदों में  लगभग 40 से 50 हजार किसानों को आत्मनिर्भर उद्यमी बनाने की दिशा में अपनी सेवाएं प्रदान कर रही है। कृषि विज्ञान संस्थान, काशी हिंदू विश्वविद्यालय के मजबूत अधोसंरचना, प्रयोगशाला व वैज्ञानिकों की मजबूत टीम व फॉर्ड फाउंडेशन के द्वारा ग्रामीण क्षेत्रों में किये जा रहे विकास के जमीनी कार्य के आधार पर दोनों संस्थानाएं भविष्य के कृषि विकास का रोड मैप बनाएंगे। इसके आधार पर काशी हिन्दू विश्वविद्यालय छात्रों को फील्ड विजिट के लिए फॉर्ड फाउंडेशन के सहयोग से प्रगतिशील किसानों के द्वारा किये जा रहे तकनीक प्रदर्शन व इन्नोवेटिव किसानों से मिलकर एक बेसलाइन सर्वे के आधार पर रिपोर्ट भी तैयार करेंगे। फाउंडेशन फॉर एडवांसमेंट ऑफ एग्रीकल्चर एंड रूरल डेवेलपमेंट संस्था द्वारा वर्तमान समय में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद नई दिल्ली के भारतीय सब्जी अनुसंधान संस्थान, वाराणसी के सहयोग से भारत सरकार के जैव प्रौद्योगिकी विभाग द्वारा वित्तपोषित बॉयोटेक किसान परियोजना में  किसानों को प्रोत्साहित करने का कार्य भी बड़े पैमाने पर किया जा रहा है। साथ ही साथ इस परियोजना के माध्यम से चयनित चारों जिलों से एक एक गाँव को मॉडल विलेज के रूप में भी विकसित किया जा रहा है, जहां पर स्वास्थ्य, शिक्षा व अन्य तकनीकी ज्ञान विज्ञान के विषय की भी जानकारी सुदूर गाँव तक पहुचाया जा सके।

  • सम्पर्क सूत्र- प्रो0 पंजाब सिंह प्रख्यात वैज्ञानिक व बीएचयू के पूर्व कुलपति
    मोबाइल – 9651666613
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