13 करोड़ टन से अधिक रबी खाद्यान्न का लक्ष्य

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नई दिल्ली। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री राधा मोहन सिंह ने गत दिनों दो दिवसीय रबी सम्मेलन- 2015 का शुभारम्भ किया। सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि रबी 2014-15 के लिए निर्धारित 13 करोड़ टन के लक्ष्य की तुलना में रबी 2015-16 के लिए 13.27 करोड़ टन का महत्वाकांक्षी खाद्यान्न लक्ष्य निर्धारित किया गया है। श्री सिंह ने यह भी जानकारी दी कि दलहन के लिए एनएफएसएम के तहत 50 प्रतिशत निधियां निर्धारित की गई हैं। उन्होंने कहा कि मृदा स्वास्थ्य कार्ड के अन्तर्गत सभी जोतों को कवर करने के प्रयास किए जा रहे हैं और वर्तमान वर्ष 2015-16 के लिए लक्ष्य को 83 लाख से बढ़ाकर 100 लाख नमूने कर दिया गया है। श्री सिंह ने कहा कि कमजोर मानसून के बावजूद खरीफ का रकबा बढ़ा है। उन्होंने कहा कि सरकार स्वाईल हेल्थ कार्ड के प्रति गम्भीर है। अगले वर्षों में 14 करोड़ जोतों में नमूने लेकर कार्ड बनाए जाएंगे। वर्ष 2015-16 के लिए लक्ष्य 83 लाख से बढ़ाकर 100 लाख नमूने लेने का किया गया है।
कृषि राज्यमंत्री श्री मोहन भाई कुंदरिया ने कहा कि यह सम्मेलन कृषि क्षेत्र में प्रशासकों और वैज्ञानिकों को परस्पर बातचीत करने और विभिन्न फसलों के उत्पादन लक्ष्य को प्राप्त करने हेतु रणनीति तैयार करने के साथ-साथ आगामी रबी मौसम की तैयारी के लिए एक मंच प्रदान करता है। जैसा कि आप जानते हैं कि बुआई के समय बीज, उर्वरक, कीटनाशी आदि किसानों के लिए बहुत ही महत्वूर्ण है, जिनकी आपूर्ति राज्यों द्वारा सुनिश्चित किए जाने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कृषि, सहकारिता एवं किसान कल्याण विभाग फसलों के उत्पादन बढ़ाने के लिए- चावल, गेहूं, दलहन, मोटे अनाज कपास, पटसन आदि पर राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन, पूर्वी भारत के लिए हरित क्रांति लाना, फसल विविधीकरण इत्यादि कार्यक्रमों का कार्यान्वयन कर रहा है।
कार्यक्रम में राज्यों ने खरीफ की स्थिति तथा उत्पादन अनुमान की जानकारी दी साथ ही रबी के लिए कृषि आदानों की मांग एवं रणनीति बताई। इस अवसर पर कृषि सचिव श्री सिराज हुसैन सहित राज्यों के वरिष्ठ कृषि अधिकारी उपस्थित थे।

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