समस्या- मैं मूली की खेती करना चाहता हूं कृपया तकनीकी से अवगत करायें।

Share

– यशवंत पोतदार, खुरई
समाधान – शीतकाल में सलाद में आमतौर पर उपयोग में ली जाने वाली मूली औषधि तथा पौष्टिक गुणों से भरपूर है। आप मूली निम्न तकनीकी अपनाकर लगा सकते हैं।

  • खेत की तैयारी अच्छी तरह से करें ताकि पोली भुरभुरी मिट्टी में जड़ों का विकास अच्छी तरह से हो सके।
  • उन्नत किस्मों में पूसा देसी, पूसा हिमानी, पूसा रश्मि, कल्याणपुर, पूसा चेतकी, जापानी सफेद, हिसार मूली, अर्का निशांत इत्यादि।
  • इसके अलावा प्रत्येक मौसम में लगाने के लिए विशेष जातियां हंै जैसे मध्य अप्रैल से मध्य अगस्त के लिए पूसा चेतकी, मध्य सितम्बर से नवम्बर तक के लिए पूसा देशी, मध्य सितम्बर से नवम्बर तक पूसा राशि, अक्टूबर से दिसम्बर तक के लिए जापानी व्हाईट, दिसम्बर से फरवरी के लिये पूसा हिमानी।
  • यूरिया 87 किलो, 313 किलो सिंगल सुपर फास्फेट तथा 33 किलो म्यूरेट ऑफ पोटाश प्रति हेक्टेयर डालें।
  • 5-7 दिनों के अंतर से सिंचाई तथा निंदाई-गुड़ाई, मिट्टी चढ़ाने का कार्य भी समय से किया जाये।
Share
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published.