गेहूं खरीदी आज से शुरू हो गई है
मप्र सरकार किसानों से 100 फीसदी मसूर खरीदेगी
11 अप्रैल 2026, भोपाल: गेहूं खरीदी आज से शुरू हो गई है – म.प्र. सरकार किसानों से 100 फीसदी मसूर खरीदेगी। यह निर्णय सरकार ने कैबिनेट बैठक में लिया है। कैबिनेट ने चना और मसूर की खरीदी को भी मंजूरी दी है। चने का भाव 5000 रुपए और मसूर का 5800 रुपए क्विंटल है। सरकार चने के कुल उत्पादन का 25 प्रतिशत खरीदी करेगी और मसूर का 100 फीसदी खरीदी करने का फैसला किया गया है। इसके लिए 3174 करोड़ रुपए की मंजूरी दी गई है। प्रदेश में गेहूं खरीदी आज 9 अप्रैल से शुरू हो गई है।
कैबिनेट के फैसलों की जानकारी देते हुए एमएसएमई मंत्री चैतन्य काश्यप ने बताया कि बैठक में मंदसौर जिले में गांधी सागर बांध से जुड़ी कातन सिंचाई परियोजना को मंजूरी दी गई है। इस परियोजना में 3500 हेक्टेयर क्षेत्र सिंचित होगा और 120 गांवों के 1358 परिवारों को इसका लाभ मिलेगा। योजना पर 88.41 करोड़ रुपए का खर्च आएगा। प्रदेश में वित्तीय प्रबंधन को लेकर राज्य सरकार ने फाइनेंशियल ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट (एफटीआरआई) खोलने को मंजूरी दे दी है।
यह इंस्टीट्यूट प्रदेश में वित्तीय प्रबंधन पर रिसर्च और बजट आकलन समेत अन्य वित्तीय व्यवस्थाओं के लिए काम करेगा। इसका संचालन शुरुआत में प्रशासन अकादमी से किया जाएगा। इसके अलावा एससी वर्ग के छात्रों के लिए दस हजार रुपए प्रतिमाह स्कॉलरशिप भी मंजूर की गई है। वाणिज्यिक कर विभाग की 8 योजनाओं को निरंतर जारी रखने को मंजूरी गई है। 2952 करोड़ रुपए मंजूर किए गए हैं। इसी तरह वन विभाग की वन क्षेत्र योजनाओं के लिए 5215 करोड़ और स्कूल शिक्षा विभाग की अलग -अलग योजनाओं को निरंतर चालू रखने के लिए 4672 करोड़ रुपए की मंजूरी दी गई है।
मंदसौर की कातना सूक्ष्म सिंचाई परियोजना के लिए 88.41 करोड़
मंदसौर जिले की कातना सूक्ष्म सिंचाई परियोजना के लिए 88.41 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई है। इस परियोजना से मंदसौर जिले की भानपुरा तहसील के 12 ग्रामों में 3500 हेक्टेयर में सिंचाई सुविधा का लाभ होगा। मंत्रि परिषद द्वारा निर्णय लिया गया कि वित्तीय प्रशासन एवं प्रबंधन से संबंधित सभी स्तरों के कार्मिकों को केंद्रीकृत एवं मानकीकृत प्रशिक्षण प्रदान करने हेतु वित्तीय प्रशिक्षण एवं शोध संस्थान की स्थापना आरसीवीपी नरोन्हा प्रशासनिक एवं प्रबंधन अकादमी, भोपाल के परिसर में की जाएगी।
आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़, व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture

