राज्य कृषि समाचार (State News)

इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में फोर्टिफाईड चावल के उपयोग पर हुआ वेबिनार

27 सितम्बर 2023, रायपुर: इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में फोर्टिफाईड चावल के उपयोग पर हुआ वेबिनार – इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल ने कहा है कि छत्तीसगढ़ में सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत आयरन, फोलिक एसिड तथा विटामिन बी12 पोषणयुक्त (फोर्टिफाईड) चावल के वितरण से प्रदेश में पोषण की गुणवत्ता में काफी सुधार आया है। उन्होंने कहा कि इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय द्वारा विश्व खाद्य कार्यक्रम के सहयोग से सार्वजनिक वितरण प्रणाली में  चावल फोर्टिफिकेशन के लिए  तकनीकी सहयोग दिया  जा रहा है। छत्तीसगढ़ में राशन दुकानों के माध्यम से 6 लाख टन पोषणयुक्त चावल का वितरण किया जा रहा है। डॉ. चंदेल ने कहा कि पोषणयुक्त चावल के उपयोग हेतु आम जनता को अधिक जागरूक बनाने की आवश्यकता है। डॉ. चंदेल कृषि विश्वविद्यालय द्वारा विश्व खाद्य कार्यक्रम के सहयोग से ‘‘चावल के फोर्टिफिकेशन के महत्व’’ विषय पर आयोजित एक दिवसीय वेबिनार को संबोधित कर रहे थे।

इस वेबिनार को छत्तीसगढ़ शासन के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के अपर संचालक श्री राजीव कुमार जायसवाल, कृषि विश्वविद्यालय के संचालक अनुसंधान डॉ. विवेक कुमार त्रिपाठी, निदेशक विस्तार सेवाएं डॉ. अजय कुमार वर्मा, अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. संजय शर्मा, विश्व खाद्य कार्यक्रम के उप प्रमुख पोषण एवं शालेय पोषण कार्यक्रम डॉ. सिद्धार्थ वाघुलकर, बायोटेक्नोलॉजी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. सतीष वेरूलकर, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग की उप संचालक सुश्री श्रुति नेरकर तथा विश्व खाद्य कार्यक्रम की छत्तीसगढ़ प्रतिनिधि सुश्री कस्तुरी पंड़ा ने भी संबोधित किया। डॉ. शुभा बैनर्जी ने कार्यशाला का विषय प्रतिपादन किया।

उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ में 12 हजार से अधिक राशन दुकानों के माध्यम से 6 लाख टन आयरन, फोलिक ऐसिड एवं विटामिन बी12 युक्त फोर्टिफाईड चावल का वितरण किया जा रहा है। इनमें से 10 हजार से अधिक राशन  दुकानें ग्रमीण क्षेत्रों की हैं। कृषि विश्वविद्यालय द्वारा चावल के फोर्टिफिकेशन हेतु विकसित तकनीक के माध्यम से प्रदेश भर में स्थापित 100 इकाईयों में फोर्टिफाईड राईस बनाने की इकाईयाँ लग चुकी हैं। इन 100 इकाईयों में तैयार आयरन, फोलिक ऐसिड तथा विटामिन बी12 युक्त फोर्टिफाईड चावल को 2 हजार राईस मिलों तक पहुंचाया जाता है जहां प्रति 99 किलो सामान्य चावल में एक किलो फोर्टिफाईड चावल मिलाकर इन्हें सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकानों के माध्यम से आम जनता तक पहुंचाया जा रहा है |

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