राज्य कृषि समाचार (State News)

राजस्थान में ऑनलाइन बिक्री करने वाले किसानों को सरकार दे रही है पुरस्कार

11 अगस्त 2025, भोपाल: राजस्थान में ऑनलाइन बिक्री करने वाले किसानों को सरकार दे रही है पुरस्कार – राजस्थान की सरकार द्वारा अपने राज्य के किसानों को ऑनलाइन बिक्री करने के लिए प्रोत्साहित कर रही है। सरकार का ऐसा मानना है कि यदि किसान अपनी उपज की बिक्री ऑनलाइन तरीके से करते है तो किसी तरह से परेशानी नहीं होगी लिहाजा  अब  सरकार ऑनलाइन बिक्री को बढ़ावा दे रही है और ऐसे किसानों को पुरस्कार भी दिए जा रहे है।

राजस्थान सरकार द्वारा फसलों की ऑनलाइन बिक्री ई-नाम पोर्टल यानी राष्ट्रीय कृषि बाजार योजना के तहत करने के लिए “कृषक उपहार योजना” चलाई जा रही है। योजना के तहत ऑनलाइन बिक्री करने वाले किसानों को उपहार कूपन जारी किए जाते हैं जिसके बाद लॉटरी के माध्यम से विजेता किसानों को प्रोत्साहन स्वरूप पुरस्कार राशि दी जाती है। राजस्थान सरकार ने अब किसानों को पारदर्शी और डिजिटल माध्यम से कृषि जिंसों की बिक्री हेतु प्रोत्साहित करने के लिए संचालित कृषक उपहार योजना में संशोधन के प्रस्ताव को स्वीकृति प्रदान की है। 

अब इस योजना का लाभ उन किसानों को ही मिलेगा जो “ई-नाम पोर्टल” के माध्यम से बिक्री करते हुए ई-पेमेंट (इलेक्ट्रॉनिक भुगतान) प्रणाली से भुगतान प्राप्त करते हैं। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को कृषि विपणन विभाग द्वारा भिजवाए गए प्रस्ताव के अनुसार अब उन्हीं किसानों को उपहार कूपन जारी किया जाएगा, जिनकी जिंसों की बिक्री ई-नाम पोर्टल पर दर्ज हुई हो और उसका भुगतान ई-पेमेंट के माध्यम से प्राप्त किया गया हो। योजना के वर्तमान स्वरूप में देखा जा रहा था कि ई-नाम पर कृषि जिंस के विक्रय पर्चियों पर जारी कूपन की तुलना में ई-पेमेंट पर जारी कूपन की संख्या काफी कम है। अब केवल ई-पेमेंट पर ही उपहार कूपन जारी किए जाने से ई-नाम पोर्टल पर बिक्री के साथ-साथ किसान और व्यापारी तत्काल एवं सुरक्षित डिजिटल लेन-देन के लिए प्रेरित होंगे। संशोधित कृषक उपहार योजना में ई-पेमेंट से प्राप्त कृषि उपज विक्रय की प्रति 10 हजार रुपए की राशि एवं इसके गुणकों में उपहार कूपन ई-नाम सॉफ्टवेयर द्वारा जारी किए जा सकेंगे। प्रत्येक 6 माह में मंडी स्तर पर ड्रॉ निकालकर 50,000 रुपए का प्रथम पुरस्कार 30,000 रुपए का द्वितीय पुरस्कार और 20,000 रुपए का तृतीय पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।

(नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़,  टेलीग्रामव्हाट्सएप्प)

(कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें)

कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

www.krishakjagat.org/kj_epaper/

कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

www.global-agriculture.com

Advertisements