राज्य कृषि समाचार (State News)

पीएम मोदी ने इंदौर के मिल्‍क पाउडर प्लांट का किया वर्चुअली उद्घाटन, रोजाना बनेगा 30 हजार किलो दूध पाउडर

14 अक्टूबर 2025, भोपाल: पीएम मोदी ने इंदौर के मिल्‍क पाउडर प्लांट का किया वर्चुअली उद्घाटन, रोजाना बनेगा 30 हजार किलो दूध पाउडर – प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कृषि विज्ञान परिसर नई दिल्ली से वर्चुअली इन्दौर सहकारी दुग्ध संघ के 30 मैट्रिक टन प्रतिदिन क्षमता के पाउडर प्लांट का उद्घाटन किया। इस अवसर पर केन्द्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान नई दिल्ली में उपस्थित रहे।

प्रधानमंत्री मोदी द्वारा वर्चुअली लोकार्पित किये गए 30 एमटी दुग्ध चूर्ण संयंत्र का प्रदेश के पशुपालन एवं डेयरी विभाग राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) लखन पटेल ने प्लांट स्थल मांगलिया पहुँचकर निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्लांट का फीता काटकर शुभारम्भ भी किया। साथ ही उन्होंने नवीन संयंत्र का संचालन करने वाली टीम व सबंधित अधिकारियों से संवाद किया। मंत्री पटेल ने विभाग के प्रबंध संचालक से दुग्ध संघ के सम्बधित विषयों पर चर्चा कर आवश्यक निर्देश दिए।

प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना की सौगात

प्रधानमंत्री मोदी द्वारा नईदिल्ली से प्रधानमंत्री धन-धान्य कृषि योजना, दलहन आत्मनिर्भरता मिशन का शुभारंभ किया गया। एआईएफ के अंतर्गत 1068 परियोजनाएं, पशुपालन क्षेत्र के अंतर्गत 18 परियोजनाएं, मत्स्य पालन क्षेत्र के अंतर्गत 09 परियोजनाएं, खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के अंतर्गत 16 परियोजनाओं का उद्घाटन किया गया। पशुपालन क्षेत्र के अंतर्गत 01 परियोजना, मत्स्य पालन क्षेत्र के अंतर्गत 07 परियोजनाएं, खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र के अंतर्गत 01 परियोजना का शिलान्यास किया।

76.50 करोड़ की लागत से बना आधुनिक संयंत्र  

भारत सरकार की नेशनल प्रोग्राम फार डेयरी डेवलपमेंट योजना के घटक व सहकारी समितियों के माध्यम से डेयरी” के अंतर्गत “दूध पाउडर प्लांट” परियोजना की कुल लागत 76.50 रूपए करोड़ है। जिसमे रू 29.50 करोड़ एनडीडीबी के माध्यम से एनपीडीडी कॉमपोनेन्ट बी, डीटीसी जापान इंटरनेशनल कार्पोरेशन एजेन्सी, भारत सरकार की योजना के द्वारा सहायता प्रदान की गई तथा शेत्र राशि इन्दौर सहकारी दुग्ध संघ के स्वयं के स्त्रोत से की गई है। संयंत्र की स्थापना का कार्य भारत सरकार की कंपनी मेसर्स हिंदुस्तान मशीन टूल्स से कराया गया। इस संयंत्र के माध्यम से होल मिल्क पाउडर, स्किम मिल्क पाउडर तथा डेरी व्हाईटनर इत्यादि निर्फिी किए जाएंगे।

Advertisement
Advertisement

स्काडा स्वचलित आधुनिक संयंत्र

यह दूध पाउडर संयंत्र, स्काडा (प्लांट पर्यवेकीय, नियंत्रण और डेटा अधिग्रहण) स्वचलित है। यह कंप्यूटर आधारित प्रणाली है जिसका उपयोग औद्योगिक उपकरणों और प्रक्रियाओं की निगरानी करने, डेटा एकत्र करने और उन्हें नियंत्रित करने के लिए किया जाता है। जिसमें प्रतिदिन 03 लाख लीटर दूध से लगभग 30 मेट्रिक टन प्रतिदिवस दुग्ध चूर्ण का निर्माण किया जायेगा। फ्लश सीजन में प्रतिदिन अतिशेष रहने वाले दूध का पूर्ण उपयोग किया जायेगा। इससे अधिक से अधिक मात्रा में किसानो से दूध क्रय किया जायेगा तथा अतिशेष दूध का निस्तारण किया जायेगा। जिससे दुग्ध उत्पादक किसानों की आय में वृद्धि होगी।

Advertisement
Advertisement
Advertisements
Advertisement
Advertisement

आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture

Advertisements
Advertisement
Advertisement