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राज्य कृषि समाचार (State News)

झाबुआ जिले में नरवाई जलाना प्रतिबंधित किया

16 फरवरी 2023, झाबुआ: झाबुआ जिले में नरवाई जलाना प्रतिबंधित किया – कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी जिला झाबुआ के आदेशानुसार दण्ड प्रक्रिया संहिता 1973 की धारा-144 के अन्तर्गत झाबुआ जिले में रबी फसल कटाई के बाद जलाई जाने वाली नरवाई (फसल अवशेष) को जन सामान्य के हित/जानमाल एवं लोक शांति को बनाये रखने हेतु झाबुआ जिले की राजस्व सीमा एवं झाबुआ जिले की राजस्व सीमा क्षेत्र के खेतों में नरवाई जलाना प्रतिबंधित किया  गया है।

क्षेत्रीय  अधिकारी मप्र द्वारा अवगत कराया गया है कि मार्च 2021 में वायु प्रदूषण में वृद्धि दर्ज की गई थी। जिले में नरवाई जलाने की  घटनाएं मुख्यतः  गेहूं की फसल कटाई के बाद होती है, परन्तु भारत सरकार से प्राप्त आंकड़ों के आधार पर अब खरीफ की फसलों के बाद भी नरवाई जलाने की घटनाएं तेजी से बढ़ रही है। उक्त घटनाएं सेटेलाईट के माध्यम से रिकॉर्ड की जाती है। बोर्ड प्रयोगशाला द्वारा जाँच में पाया गया कि जिले में किसानों द्वारा उनके खेती में नरवाई जलाने के कारण वायु गुणवत्ता प्रभावित हो रही है तथा एयर क्वालिटी इंडेक्स भी बहुत बढ़ रहा है। अर्थात् नरवाई जलाने से वायु प्रदूषण की स्थिति निर्मित हो रही है जो मानव स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल के आदेशानुसार म.प्र. शासन द्वारा खेतों में नरवाई जलाया जाना प्रतिबंधित किया गया है।

नरवाई जलाने के नुकसान : खरीफ/रबी कटाई के बाद किसान खेतों में नरवाई  के  अवशेष जला देते है, जिससे मिट्टी में मौजूद पोषक तत्व एवं मित्र कीट खत्म हो जाते हैं  जमीन  बंजर होती है। इस संबंध में कृषकों को खेतों में नरवाई नहीं जलाने हेतु विभिन्न माध्यमों से जागरूक किया गया है, फिर भी खेतों में नरवाई जलाने से भूमि के साथ साथ पर्यावरण भी प्रदूषित किया जा रहा है। नरवाई (फसल अवशेष) जलाने के कारण प्रदेश में अग्नि दुर्घटनाएं घटित हुई है तथा संपत्ति की भी हानि हुई है। ग्रीष्म ऋतु में बढ़ते जल संकट में इससे बढ़ोतरी  तो होती है साथ ही कानून व्यवस्था के लिये भी विपरीत  परिस्थितियां निर्मित होने से उप संचालक कृषि झाबुआ द्वारा इसके रोकने हेतु प्रतिबंधात्मक आदेश पारित करने हेतु लिखा  गया है। अतः कलेक्टर द्वारा दण्ड प्रक्रिया संहिता, 1973 की धारा-144 के अन्तर्गत जन सामान्य के हित/जानमाल एवं लोक शांति को बनाये रखने हेतु झाबुआ जिले की राजस्व सीमा एवं झाबुआ जिले की राजस्व सीमा क्षेत्र के खेतों में नरवाई जलाना प्रतिबंधित किया गया है।

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महत्वपूर्ण खबर: गेहूँ मंडी रेट (13 फरवरी 2023 के अनुसार) 

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