सरकारी योजनाएं (Government Schemes)राज्य कृषि समाचार (State News)

मध्यप्रदेश: प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना से आसान हुई सिंचाई, किसान को मिला 16 हजार रुपए का अनुदान

09 मार्च 2026, भोपाल: मध्यप्रदेश: प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना से आसान हुई सिंचाई, किसान को मिला 16 हजार रुपए का अनुदान – केंद्र सरकार द्वारा हर खेत को पानी उपलब्ध कराने के संकल्प के साथ किसानों की सिंचाई संबंधी समस्याओं के समाधान हेतु प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना चलाई जा रही है। इस योजना का उद्देश्य खेती में जल उपयोग की दक्षता बढ़ाना, जल संरक्षण को बढ़ावा देना तथा किसानों को सिंचाई के आधुनिक संसाधनों से जोड़ना है। इसके तहत ड्रिप सिंचाई, स्प्रिंकलर, पाइप लाइन, तालाब निर्माण जैसे उपायों पर किसानों को अनुदान प्रदान किया जाता है।

सीहोर जिले के ग्राम कोठरी निवासी किसान जितेंद्र कुमार मंडलोई भी उन्हीं किसानों में से एक हैं, जिन्हें इस योजना का लाभ मिला है। किसान जितेंद्र मंडलोई ने इस योजना का लाभ लेकर अपनी खेती को लाभकारी बनाया है। उन्हें इस योजना के अंतर्गत 30 पाइप और 05 नोजल प्राप्त हुए, जिन पर उन्हें 16,000 रूपये का अनुदान मिला। इन संसाधनों की सहायता से अब वे कम समय में अधिक क्षेत्र की सिंचाई कर पा रहे हैं। नोजल से जल की बर्बादी रुकी है और पाइपों से खेत तक पानी पहुँचाना आसान हो गया है। इसके कारण उनकी फसल का उत्पादन बढ़ा है और उन्हें खेती में अच्छा मुनाफा मिल रहा है।

किसान जितेंद्र मंडलोई कहते हैं कि पहले सिंचाई में बहुत ज्यादा समय और श्रम लगता था पर प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के तहत मिले पाइपों एवं नोजलों की सहायता से अब सिंचाई आसान, समय बचत वाली और अधिक कारगर हो गई है। किसान जितेंद्र मंडलोई की यह कहानी सभी किसानों अनुकरणीय है कि वे सही तकनीक और सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर आत्मनिर्भर और समृद्ध बन सकते हैं। किसान जितेंद्र मंडलोई ने इस योजना के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव को धन्यवाद दिया है।

आपने उपरोक्त समाचार कृषक जगत वेबसाइट पर पढ़ा: हमसे जुड़ें
> नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़व्हाट्सएप्प
> कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें
> कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: E-Paper
> कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें: Global Agriculture

Advertisements