राज्य कृषि समाचार (State News)

दमोह में डायग्नोस्टिक दल द्वारा फसलों का निरीक्षण कर किसानों को दी सलाह

27 अगस्त 2024, दमोह: दमोह में डायग्नोस्टिक दल द्वारा फसलों का निरीक्षण कर किसानों को दी सलाह – कलेक्टर सुधीर कुमार कोचर द्वारा गठित फसलों के डायग्नोस्टिक दल द्वारा बटियागढ़ विकासखंड के ग्राम फुटेरा कला में कृषि वैज्ञानिक डॉ राजेश द्विवेदी, अनुविभागीय कृषि अधिकारी जे.एल. प्रजापति, प्रभारी वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी दिनेश पटेल द्वारा फसलों का निरीक्षण किया गया एवं किसानों को रोग एवं कीट नियंत्रण की सलाह दी गई

सलाह में किसानों से कहा गया फसल अरहर में पत्ती लपेटक (लीफ फोल्डर) कीट का आक्रमण दिखाई देने पर थायोमेथाक्साम 25 WG (व्यापारिक नाम अरेवा, मैक्सिमा) 100 ग्राम/एकड़ उगरा रोग दिखाई देने पर एलिएट 200 ग्राम/एकड़ या अमिस्टार टाप 200 ML/एकड़ छिड़काव किया जाये। इसी प्रकार मूंग/उड़द/सोयाबीन फसल में सफेद मक्खी का प्रकोप दिखाई देने पर अरेवा या मैक्सिमा 100 ग्राम/एकड़ छिड़काव किया जाये। फली छेदक कीट का आक्रमण दिखाई देने पर रेलान या वेन्जर या एमनान 100 ग्राम/एकड़ या एक्सीपोलस (ब्रोफ्लानिलाइड 300 SC) 50 मिली प्रति हेक्टेयर छिड़काव किया जाए।

सलाह में आगे कहा गया फसल धान में गंधी बग के आक्रमण होने पर मेटाडोर (लेम्डान साइलोथ्रिन 25 FC) 200 ML/एकड़ या फेम (फ्यूबोडामाइड 20 WG) 100 ग्राम/एकड़ फौजी कीट या तना छेदक के नियंत्रण हेतु रेलान या बेन्जर 100 ग्राम/एकड़ या एक्स पोरस 50 ML/हेक्टे़यर छिड़काव किया जाये। पर्ज दाग रोग होने पर फफूंदनाशक – बोरस (टेबूकोनाझोल 25 GC) 200 ML/एकड़ या प्रोपिकोनाजोल 25 GC (टिल्टो, झोराक्सू) 200 ML/एकड़ छिड़काव करें। जीवाणु झुलसा रोग होने पर (कासुगामाइसिन 3 ML) व्यापारिक नाम कासूबी 500 ML / एकड़ छिड़काव किया जाये।

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