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राज्य कृषि समाचार (State News)

उच्च उत्पादकता गन्ना किस्में Co 18009, Co 11015 और Co 14012 अपनाने की सलाह, ICAR-SBI फील्ड डे में जोर

21 मार्च 2026, कोयम्बटूर: उच्च उत्पादकता गन्ना किस्में Co 18009, Co 11015 और Co 14012 अपनाने की सलाह, ICAR-SBI फील्ड डे में जोर – आईसीएआर–शुगरकेन ब्रीडिंग इंस्टीट्यूट (ICAR-SBI), कोयम्बटूर द्वारा बन्नारी अम्मन शुगर्स लिमिटेड के सहयोग से अन्नूर तालुक के कंजप्पल्ली गांव में आयोजित फील्ड डे कार्यक्रम में किसानों को उच्च उत्पादकता वाली गन्ना किस्में ‘Co 18009’, ‘Co 11015’ और ‘Co 14012’ अपनाने की सलाह दी गई।

कार्यक्रम में मध्यम-अंतिम परिपक्वता वाली नई किस्म ‘Co 18009’ के खेत स्तर पर प्रदर्शन को प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया। किसानों और विस्तार अधिकारियों को संबोधित करते हुए ICAR-SBI के निदेशक डॉ. पी. गोविंदराज ने कहा कि किसानों को पुरानी और कम उत्पादक किस्मों की जगह ‘Co 18009’, ‘Co 11015’ और ‘Co 14012’ जैसी उन्नत और उच्च उत्पादकता वाली किस्मों को अपनाना चाहिए। उन्होंने बताया कि पुरानी किस्मों में उत्पादकता में गिरावट, रोगों की बढ़ती समस्या और लाभ में कमी देखी जा रही है, जिससे किसानों की आय प्रभावित होती है।

उन्होंने आगे कहा कि गन्ना खेती में श्रम की कमी एक बड़ी चुनौती बनती जा रही है, इसलिए लगभग 75% कार्यों का मशीनीकरण जरूरी है। साथ ही, संस्थान भविष्य में किस्म विकास प्रक्रिया में किसानों की भागीदारी बढ़ाने की दिशा में काम कर रहा है, ताकि ऐसी उच्च उत्पादकता किस्मों को तेजी से खेतों तक पहुंचाया जा सके। कार्यक्रम के दौरान किसानों को ‘Co 18009’ का बीज सामग्री और तकनीकी जानकारी भी वितरित की गई।

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बन्नारी अम्मन शुगर्स लिमिटेड के उपाध्यक्ष एस. शन्मुगसुंदरम ने किसानों को कंपनी की सब्सिडी योजनाओं की जानकारी दी और अधिक उच्च उत्पादकता, जल्दी पकने वाली तथा क्षेत्र-विशिष्ट गन्ना किस्मों के विकास की आवश्यकता पर जोर दिया।

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कार्यक्रम की शुरुआत में ICAR-SBI के प्रधान वैज्ञानिक ने बताया कि इस फील्ड डे का उद्देश्य 1.9 एकड़ में प्रदर्शित ‘Co 18009’ किस्म के प्रदर्शन पर किसानों की प्रतिक्रिया प्राप्त करना था, जिसे एक प्रगतिशील महिला किसान द्वारा उगाया गया है। उन्होंने बताया कि कोयम्बटूर जिले में वर्तमान में लगभग 940 एकड़ में गन्ने की खेती हो रही है, जिससे करीब 38,000 टन उत्पादन का अनुमान है। उन्होंने विश्वास जताया कि ऐसे प्रयासों से किसानों का उच्च उत्पादकता वाली गन्ना खेती की ओर रुझान बढ़ेगा।

कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों ने श्रीमती निवेधा दुरईसामी द्वारा प्रबंधित फ्रंटलाइन डेमोंस्ट्रेशन (FLD) प्लॉट का भ्रमण किया। उन्होंने 11 महीने की फसल के अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि ‘Co 18009’ में फूल न आने की विशेषता, कम कांटेदार प्रकृति, अधिक टिलर बनने की क्षमता, ज्यादा इंटरनोड्स और उच्च उत्पादन क्षमता जैसे गुण हैं, जो इसे किसानों के लिए एक बेहतर और लाभकारी विकल्प बनाते हैं।

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