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राष्ट्रीय कृषि समाचार (National Agriculture News)

असम के जैविक कृषि निर्यात को बढ़ावा, गुवाहाटी में एपीडा का सम्मेलन-सह-खरीदार-विक्रेता बैठक  

21 जनवरी 2026, जयपुर: असम के जैविक कृषि निर्यात को बढ़ावा, गुवाहाटी में एपीडा का सम्मेलन-सह-खरीदार-विक्रेता बैठक – भारत सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय के अधीन कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पाद निर्यात विकास प्राधिकरण (एपीडा) ने असम सरकार के सहयोग से गुवाहाटी में एक जैविक सम्मेलन-सह-खरीदार-विक्रेता बैठक का आयोजन किया। इस आयोजन का उद्देश्य असम के कृषि एवं प्रसंस्कृत खाद्य उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा देना और राज्य के उत्पादों की वैश्विक बाजार तक पहुंच को सुदृढ़ करना था।

व्यापक सहभागिता और व्यापारिक अवसर

इस सम्मेलन में असम के 30 से अधिक निर्यातक, 9 आयातक और लगभग 50 किसान उत्पादक कंपनियां (एफपीसी) शामिल हुईं। क्रेता-विक्रेता बैठक ने व्यापारिक संबंधों के लिए एक संरचित मंच प्रदान किया, जिससे उत्पादक और खरीदार सीधे संवाद कर सकें और दीर्घकालिक व्यापारिक साझेदारी स्थापित कर सकें।

असम कृषि विविधता के लिहाज से समृद्ध राज्य है और यहां जोहा चावल, विशेष चावल की किस्में, केला, अनानास, संतरा, असम नींबू, जैविक अदरक, हल्दी, काली मिर्च सहित बागवानी और अन्य जैविक उत्पादों का उत्पादन होता है। ये सभी उत्पाद वैश्विक बाजारों में असम की उपस्थिति मजबूत करने का अवसर प्रदान करते हैं।

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जैविक उत्पादन पर जागरूकता सत्र

सम्मेलन में राष्ट्रीय जैविक उत्पादन कार्यक्रम (एनपीओपी) के आठवें संस्करण पर जागरूकता सत्र भी आयोजित किया गया। इसमें नियामक ढांचा और लेबलिंग आवश्यकताएं समझाई गईं, ताकि निर्यातक, एफपीओ और किसान उत्पादक संगठनों को अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता और प्रमाणन मानकों का पालन सुनिश्चित किया जा सके।

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प्रमुख वक्ताओं के विचार

असम सरकार के कृषि, बागवानी और उत्पाद शुल्क मंत्री श्री अतुल बोरा ने कहा कि असम और पूर्वोत्तर में उच्च गुणवत्ता वाले जैविक कृषि और बागवानी उत्पादों का समृद्ध भंडार है। उन्होंने बल दिया कि एकत्रीकरण, प्रमाणीकरण, अवसंरचना और बाजार पहुंच में केंद्रित सहायता और एपीडा की साझेदारी से राज्य के उत्पादकों को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी निर्यात में बदलने में मदद मिलेगी और किसानों के लिए स्थायी आजीविका सुनिश्चित होगी।

असम सरकार की आयुक्त एवं सचिव-सह-कृषि उत्पादन आयुक्त श्रीमती अरुणा राजोरिया, आईएएस ने कहा कि असम के जीआई टैग से प्रमाणित और जैविक उत्पाद वैश्विक मांग में हैं। एपीडा के सहयोग से एकत्रीकरण, प्रमाणीकरण और बाजार संबंधों को मजबूत कर किसानों और उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय बाजारों तक टिकाऊ पहुंच मिलेगी।

एपीडा अध्यक्ष अभिषेक देव ने एपीडा की निर्यात प्रोत्साहन गतिविधियों में असम सरकार के सहयोग की सराहना की। उन्होंने राष्ट्रीय खाद्य नीति (एनपीओपी) में किसान-हितैषी प्रावधानों और हाल ही में ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, ब्रिटेन, ओमान और ईएफटीए देशों के साथ हुए समझौतों का हवाला देते हुए राज्य से जैविक उत्पादों के निर्यात की अपार संभावनाओं पर प्रकाश डाला।

उद्घाटन सत्र और भागीदारी

उद्घाटन सत्र में अतुल बोरा, श्रीमती अरुणा राजोरिया, आईएएस, श्री अभिषेक देव, और असम कृषि निदेशक  उदय प्रवीण, आईएएस उपस्थित रहे। 

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