भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान के 58वें दीक्षांत समारोह में संस्थान द्वारा प्रकाशित पुस्तक पिगमेंटेड राइस का विमोचन करते हुए उपराष्ट्रपति श्री वेंकैया नायडू। इस अवसर पर केन्द्रीय कृषि मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर, केन्द्रीय कृषि राज्यमंत्री श्री कैलाश चौधरी, डेयर के सचिव डॉ. त्रिलोचन महापात्रा एवं संस्थान के निदेशक डॉ. अशोक कुमार सिंह उपस्थित थे।
छोटे किसानों की उत्पादकता बढ़ाने पर जोर दें : श्री नायडू
भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान का 58वां दीक्षांत समारोह
(नई दिल्ली कार्यालय) नई दिल्ली। उपराष्ट्रपति श्री एम. वेंकैया नायडू ने वैज्ञानिक समुदाय से छोटे और मझौले किसानों की उत्पादकता बढ़ाने पर बल देने को कहा है। उन्होंने कहा कि छोटे और मझौले किसान सबसे कमजोर हैं और उनके कल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।
उपराष्ट्रपति गतदिनों नई दिल्ली में भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान के 58वें दीक्षांत समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने हरित क्रांति के बाद के चरण में संस्थान की शानदार उपलब्धियों की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि 1950-51 के दौरान देश का खाद्य उत्पादन 50.82 मिलियन टन था जो 2018-19 में 283.37 मिलियन टन हो गया है।
Advertisements
Advertisement
Advertisement
उपराष्ट्रपति ने कहा कि आईएआरआई जैसे संस्थानों को किसानों के जीवन में सुधार लाने के लिए टेक्नोलॉजी में आई प्रगति का उपयोग करना चाहिए। उपराष्ट्रपति ने अनुसंधानकर्ताओं से आग्रह किया कि वे विभिन्न फसलों की अच्छी पैदावार वाली, रोग प्रतिरोधी तथा पौष्टिक किस्में विकसित करें। उन्होंने कहा कि लोगों को कीटनाशकों के अत्यधिक उपयोग के खतरों के बारे में शिक्षित किया जाना चाहिए, क्योंकि कीटनाशकों के अधिक उपयोग से कैंसर जैसी बीमारियां बढ़ रही हैं। अगले दो वर्षों में किसानों की आय दोगुनी करने में सभी के प्रयास की चर्चा करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि कृषि उत्पादकता सुधारने के लिए निरंतर प्रयास किए जाने चाहिए। उन्होंने पारम्परिक फसल प्रणालियों में विविधता लाने की आवश्यकता पर बल दिया और कहा कि इससे आर्थिक जोखिम में कमी आएगी और अधिक मुनाफे की गुंजाइश रहेगी। इस अवसर पर राष्ट्रपति ने एम.एससी तथा पीएच.डी पूरा करने वाले विद्यार्थियों को डिग्रियां और पदक प्रदान किया। आईएआरआई के 58वें दीक्षांत समारोह में कुल 243 विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गईं। समारोह में केन्द्रीय कृषि तथा किसान कल्याण मंत्री श्री नरेन्द्र सिंह तोमर, कृषि तथा किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री कैलाश चौधरी, डेयर सचिव डॉ. टी. महापात्रा तथा भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान के निदेशक डॉ. अशोक कुमार सिंह उपस्थित थे।