प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना

व्हाट्सएप या फेसबुक पर शेयर करने के लिए नीचे क्लिक करें

 

प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना अंतर्गत महत्वपूर्ण बिन्दु –

  • नवीन जल स्रोतों का निर्माण, पुराने की मरम्मत, बहाली और सूख गये जल स्रोतों का नवीनीकरण, जल संरचनाओं का निर्माण, माध्यमिक और माइक्रो भंडारण, भू-जल विकास, जल संधारण क्षमता बढ़ाने के परंपरागत प्रयास जैसे मेड़ों का निर्माण।
  • नमी संरक्षण को बढ़ावा देने के वैज्ञानिक उपाय और नीचे चले गये भू-जल का स्तर बढ़ाना एवं उथले ट्यूबवेल व कुओं के माध्यम से पानी रिचार्ज करना।
  • भूमिगत पाइपिंग सिस्टम, ड्रिप व फव्वारा रेनगन सिंचाई पद्धति का उपयोग।
  • पंजीकृत उपयोगकर्ता समूहों के माध्यम से समुदाय सिंचाई को प्रोत्साहित करना एवं किसान उत्पादकों के संगठनों, गैर सरकारी संगठनों की सहायता लेना।

प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (हर खेत को पानी) –

  • लघु सिंचाई के माध्यम से नए भू-जल स्रोतों का निर्माण ।
  • मरम्मत, बहाली और जल निकायों के नवीनीकरण को मजबूत बनाना परम्परागत जल स्रोतों की क्षमता को बढ़ाना एवं वर्षा जल संचयन संरचनाओं का निर्माण।
  • कमांड क्षेत्र का विकास। द्य पानी की अधिकता वाले क्षेत्रों से पानी की कमी वाले क्षेत्रों में पानी पहुंचाना। जल निकायों से लिफ्ट सिंचाई द्वारा पानी उपलब्ध कराना।
व्हाट्सएप या फेसबुक पर शेयर करने के लिए नीचे क्लिक करें
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

one × 4 =

Open chat
1
आपको यह खबर अपने किसान मित्रों के साथ साझा करनी चाहिए। ऊपर दिए गए 'शेयर' बटन पर क्लिक करें।