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राज्य कृषि समाचार (State News)

बड़वानी में 5 हजार हेक्टेयर में HDPS कपास की खेती, कम लागत में बढ़ा उत्पादन; किसानों को मिला फायदा  

17 अगस्त 2026, भोपाल: बड़वानी में 5 हजार हेक्टेयर में HDPS कपास की खेती, कम लागत में बढ़ा उत्पादन; किसानों को मिला फायदा – मध्यप्रदेश के बड़वानी जिले में किसानों ने कपास उत्पादन में आधुनिक तकनीक HDPS (High Density Planting System) को अपनाकर खेती को अधिक लाभकारी बनाने की दिशा में कदम बढ़ाया है। शुरुआती चरण में करीब 5 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में HDPS पद्धति से कपास की खेती शुरू की गई है। किसानों के अनुसार इस पद्धति में खाद की आवश्यकता अपेक्षाकृत कम होती है और उत्पादन में भी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बड़वानी प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत किसानों से सीधा संवाद किया। उन्होंने किसानों से फसल उत्पादन, सिंचाई सुविधाओं, कृषि आदानों की उपलब्धता और शासन की योजनाओं से मिल रहे लाभ की जानकारी ली।

HDPS पद्धति से कम लागत में बेहतर उत्पादन

किसानों ने मुख्यमंत्री को बताया कि जिले में HDPS पद्धति से कपास उत्पादन की शुरुआत की गई है। इस तकनीक में कम खाद की आवश्यकता के साथ उत्पादन बेहतर होने से किसानों को आर्थिक लाभ मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने कृषि में अपनाई जा रही नई तकनीकों और नवाचारों की जानकारी लेते हुए ऐसी तकनीकों को बढ़ावा देने पर जोर दिया, जिनसे उत्पादन लागत कम हो और किसानों की आय बढ़े।

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बड़वानी में एक तिहाई क्षेत्र में कपास की खेती

संवाद के दौरान बताया गया कि बड़वानी जिले के कृषि क्षेत्र के करीब एक तिहाई हिस्से में कपास की खेती की जाती है। इसके अलावा जिले में विभिन्न प्रकार की उद्यानिकी फसलों का भी उत्पादन होता है। अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को कृषि क्षेत्र में किए जा रहे नवाचारों और किसानों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी दी।

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किसानों की समस्याएं और सुझाव सुने

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने किसानों से खेती-किसानी से जुड़ी समस्याओं, आवश्यकताओं और सुझावों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों की समृद्धि और कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के लिए प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। किसानों के सुझावों और समस्याओं को संवेदनशीलता से सुनकर उनके निराकरण के लिए प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

उन्होंने कहा कि प्रदेश में किसान कल्याण वर्ष के दौरान किसानों की समृद्धि के लिए योजनाबद्ध प्रयास किए जा रहे हैं। सरकार का उद्देश्य किसानों को शासकीय योजनाओं का लाभ समय पर उपलब्ध कराने के साथ कृषि को अधिक लाभकारी बनाना है।

पशुपालन से भी बढ़ रही किसानों की आय

संवाद के दौरान ग्राम बोरलाई के किसान हरिराम राठौर ने मुख्यमंत्री को बताया कि वे दुग्ध व्यवसाय से जुड़े हैं और उन्हें डॉ. भीमराव अंबेडकर कामधेनु योजना का लाभ मिला है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि के साथ पशुपालन और दुग्ध उत्पादन किसानों की आय बढ़ाने के महत्वपूर्ण माध्यम हैं। उन्होंने गोशालाओं को दिए जा रहे अनुदान और पशुपालन को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे प्रयासों की भी जानकारी दी।

मुख्यमंत्री ने सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, कृषि अधोसंरचना के विकास और आधुनिक कृषि तकनीकों को बढ़ावा देने पर जोर दिया। उन्होंने किसानों से शासन की योजनाओं की जानकारी लेकर पात्रतानुसार उनका लाभ उठाने का आह्वान किया।

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