इफ्सा के बंशी गोल्ड मूंग से पाएं बेहतर पैदावार

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21 मार्च 2022, इंदौर ।  इफ्सा के बंशी गोल्ड मूंग से पाएं बेहतर पैदावार देश की सर्वोत्तम बीज कंपनी इफ्सा सीड्स प्रा लि की मूंग की सबसे बेहतर किस्म बंशी  गोल्ड है। मात्र 60 से 65 दिन में पकने वाली इस किस्म में पौधों का समान अंकुरण ,पौधों की समान वृद्धि,समान फलियां और फलियों में दाने भी एक समान मिलते हैं। यही कारण है कि इसकी प्रति एकड़ पैदावार दस से साढ़े बारह क्विंटल तक मिलती है।

इफ्सा के प्रबंध संचालक श्री सुखविंदर सिंह  श्रीगंगानगर ने कहा कि  किसी भी फ़सल के लिए बीजों का अच्छा होना बहुत ज़रूरी है।बंशी गोल्ड मूंग की विशेषताएं बताते हुए श्री सिंह ने कहा कि यह किस्म मात्र 60 से 65 दिन में पककर तैयार हो जाती है । इफ्सा बंशी  गोल्ड मूंग के बीजों  को  वर्डेशियन लाइफ साइंस (साइटोजाइम ) यूएसए से आयातित मैक तकनीक द्वारा बीज उपचारित किया गया है, जिससे बीजों  का एक समान अंकुरण , एक समान पौधों  की वृद्धि , पौधों में हर मौसम को सहने की शक्ति ,पौधों  में अधिक शाखायें , सभी शाखाओं में एकसार फलियां तथा सभी फलियों में एकसार दाने मिलते हैं । यह किस्म पीला मौजेक वायरस के प्रति सहनशील है।  

बुवाई का समय,बीज की मात्रा और तरीका :  इसके लिए भूमि ऐसी हो जिसका पीएच मान सामान्य हो। इसमें गहरी जुताई करके खेत को समतल करने के बाद बिजाई करें। जायद में फरवरी से अप्रैल तक बिजाई कर सकते हैं, जबकि खरीफ में जून और जुलाई में बिजाई की जा सकती है। जहाँ तक बीज की मात्रा की बात है तो जायद में 12 -15 किलो /एकड़ तथा खरीफ में 6 -8  किलो बीज प्रति एकड़ पर्याप्त है। बिजाई के लिए जायद में कतार से कतार की दूरी 9 -10 इंच और खरीफ में 12 -18 इंच रखनी चाहिए। आवश्यक उर्वरक , सूक्ष्म पोषक तत्वों के प्रयोग और समेकित कीट प्रबंधन से जायद में मूंग का अधिकतम उत्पादन पाया जा सकता है।

खरपतवार ,कीट और रोग नियंत्रण – मूंग का अधिक उत्पादन लेने के लिए खरपतवार का नियंत्रण बहुत ज़रूरी है। मूंग में प्रायः सुंडी आती है , जिसके नियंत्रण के लिए प्रोक्लेम की दवा अच्छी कारगर है। फूल से फली बनने की अवस्था पर मोनोक्रोटोफॉस का स्प्रे 10  दिनों के अंतराल से करें। मूंग में यदि सरकोसपेरा केनेसिस  रोग दिखाई देने पर कॉपर आक्सीक्लोराइड का स्प्रे कर इसे नियंत्रित किया जा सकता है।

पौधों की ताकत और परिपक्वता : बंशी मूंग की फसल में 45 -50  की अवस्था में  बोरोन , मैग्नीशियम और एनपीके का स्प्रे करने से पौधों की ताकत बढ़ती है , जिससे अधिक उत्पादन लिया जा सकता है। अन्य किस्मों की तुलना में बंशी मूंग 60 -65 दिन में एक साथ पक कर तैयार हो जाता है, जिसे  खड़े कम्बाइन के द्वारा काटा जा सकता है। संपर्क नंबर – 7024242365 ,7723018490 ।  

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