Ad DesktopAd TabletAd Mobile
राज्य कृषि समाचार (State News)

खेत में तालाब बनाने के लिए किसानों को दिया जा रहा है अनुदान

25 नवंबर 2024, भोपाल: खेत में तालाब बनाने के लिए किसानों को दिया जा रहा है अनुदान – मध्य प्रदेश के उन किसानों को सरकार अनुदान दे रही है जो अपने खेत में सिंचाई के लिए तालाब का निर्माण करना चाहते है। सरकार बलराम तालाब योजना चला रही है और इसके तहत ही अनुदान दिया जा रहा है।

किसानों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराने के लिए राज्य स्तर पर सिंचाई योजनाएं चल रही है। उनका उद्देश्य  जल संरक्षण के साथ ही खेती में सिंचाई का रकबा बढ़ाना है। सरकार इन सिंचाई योजनाओं के तहत किसानों को सिंचाई के संसाधन, सिंचाई यंत्र आदि उपलब्ध करवाने एवं सतही जल, भूमिगत जलस्तर को बढ़ाने के लिए तालाबों, नहरों आदि का निर्माण भी करा रही है। इसी के साथ जो किसान अपने खेत में तालाब का निर्माण करना चाहता है उसको भी अनुदान मुहैया कराया जा रहा है।

बलराम तालाब योजना

मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा किसानों को तालाब पर अनुदान देने के लिए 2007 में बलराम तालाब योजना शुरू की थी।  योजना मध्य प्रदेश सरकार की एक ऐसी योजना है जिसका मकसद सालाना बारिश के  पानी का संरक्षण करके कृषि गतिविधियों को स्थाई रूप से बढ़ावा देना है। बलराम तालाब योजना के तहत किसानों को तालाब खुदवाने पर 40 से 75 प्रतिशत तक बंपर अनुदान दिया जाता है। इस योजना का लाभ अब तक कई किसान ले चुके है। इस योजना का उद्देश्य सतही तथा भूमिगत जल की उपलब्धता बढ़ाना है। ये तालाब किसानों द्वारा स्वयं के खेतों पर बनाए जाते हैं। ये सिंचाई के साथ ही भू-जल संवर्धन तथा समीप के कुओं और नलकूपों को चार्ज करने के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध हुए हैं।

Ad DesktopAd TabletAd Mobile
Ad DesktopAd TabletAd Mobile

(नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़,  टेलीग्राम, व्हाट्सएप्प)

(कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें)

कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

कृषक जगत को व्हाट्सएप पर फॉलो करें
खेती-किसानी की ताज़ा खबरें, सीधे आपके फ़ोन पर
चैनल फॉलो करें

www.krishakjagat.org/kj_epaper/

कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

www.global-agriculture.com