राजस्थान में तीन वर्ष में 1000 कस्टम हायरिंग सेंटर हो रहे है स्थापित

Share

14 जनवरी 2022, जयपुर । राजस्थान में तीन वर्ष में 1000 कस्टम हायरिंग सेंटर हो रहे है स्थापित कृषि मंत्री श्री लालचंद कटारिया ने कहा कि ग्राम सेवा सहकारी समितियों में कस्टम हायरिंग सेन्टर की शुरूआत से किसान को अब सस्ती दर पर कृषि यंत्र टे्रक्टर , हल, रोटावेटर, ट्रॉली, थ्रेसर, सहित अन्य उपकरण बाजार से कम दरों पर किसानों को किराए पर उपलब्ध होंगे। इससे गांव के किसानों को दर-दर नही भटकना होगा। तीन वर्ष में 1000 कस्टम हायरिंग की स्थापना की जा रही है।

 श्री कटारिया ने गुरूवार को जयपुर केन्द्रीय सहकारी बैंक लिमिटेड की ओर से जयपुर जिले की 17 ग्राम सेवा सहकारी समितियों भैंसावा, बोबास, दूधली, रूण्डल, धवली, नवलपुरा, कालवाड, दुर्जनियावास, धानक्या, पचार, झो. भोजपुरा, चांदमाकंला, बजरंगपुरा, सांगटेडा, हांसियावास, भैसलाना एवं शुक्लाबास में कस्टम हायरिंग सेन्टर के लिए कृषि यंत्र ट्रेक्टर को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया । इस अवसर पर उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि जोत का आकार कम होता जा रहा है। ऎसे में किसान के पास कृषि यंत्र उपलब्ध नही हो पाते है। सरकार के इस प्रयास से किराए पर किसानों को कम दरों पर कृषि यंत्र स्थानीय स्तर पर मिल सकेंगे।

 उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष 100 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में कस्टम हायरिंग सेन्टर की स्थापना की जा चुकी है। इस वर्ष 285 ग्राम सेवा सहकारी समितियों में एवं 17 एफपीओ में कस्टम हायरिंग सेंटर की स्थापना की गई है।

कृषि मंत्री श्री लालचंद कटारिया, कृषि आयुक्त डॉ. ओमप्रकाश, अतिरिक्त रजिस्ट्रार श्री श्याम लाल मीणा, प्रबंध निदेशक सीसीबी श्री इद्रराज मीणा, अधिशासी अधिकारी श्रीमती अदिति गोठवाल सहित अन्य अधिकारियों ने 17 समितियों के लिए खरीदे गए टे्रक्टरों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।

Share
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published.