Ad DesktopAd TabletAd Mobile
राज्य कृषि समाचार (State News)सरकारी योजनाएं (Government Schemes)

जानें क्या है कृषि सिंचाई परियोजना

26 सितम्बर 2024, भोपाल: जानें क्या है कृषि सिंचाई परियोजना – देश के कई किसान भाईयों को सरकारी योजनाओं की जानकारी कम ही होती है और यही कारण रहता है कि इन महत्वपूर्ण योजनाओं का लाभ नहीं ले पाते है। ऐसी ही एक योजना के बारे में हम किसानों को जानकारी दे रहे है और यह योजना है प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना।

सूक्ष्म सिंचाई एक उन्नत सिंचाई प्रणाली है जिसके द्वारा पौधे के जड़ क्षेत्र में विशेष रूप से निर्मित प्लास्टिक पाईपों द्वारा कम समय अन्तराल पर पानी दिया जाता है। तथा पारंपरिक सिंचाई की तुलना में 60 प्रतिशत कम जल की खपत होती है।

इस प्रणाली अन्तर्गत ड्रिप सिंचाई पद्धति, स्प्रिंकलर सिंचाई पद्धति एवं रेनगन सिंचाई पद्धति उपयोग किया जाता है। जिसके अंतर्गत जल वितरण लाइनो और साज समान कन्ट्रोल हेड प्रणाली एवं उर्वरक टैन्क रहते हैं। इस प्रणाली को अपनाकर यदि उर्वरक का व्यवहार इसके माध्यम से किया जाए तो इससे लगभग 25 से 30 प्रतिशत उर्वरक की बचत होती है। इस सिंचाई प्रणाली से फसल के उत्पादकता में 40 से 50 प्रतिशत की वृद्धि तथा उत्पाद की गुणवत्ता उच्च होती है। इस सिंचाई प्रणाली से खरपतवार के जमाव में 60 से 70 प्रतिशत की कमी होती है जिसके कारण मजदूरों के लागत खर्च में कमी तथा पौधों पर रोगों के प्रकार में भी कमी आती है।

Ad DesktopAd TabletAd Mobile
Ad DesktopAd TabletAd Mobile

बिहार राज्य की यह है स्थिति 

वर्ष 2015-16 में भारत सरकार द्वारा इस सिंचाई प्रणाली को बढ़ावा देने हेतु प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना प्रारंभ की गयी है। वर्तमान में बिहार में इस सिंचाई प्रणाली लगभग कुल आच्छादित क्षेत्र का 0.5 प्रतिशत क्षेत्र में ही अपनाया जा रहा है। कृषि रोड मैप 2017-22 में इस प्रणाली को कम से कम कुल आच्छादित क्षेत्र के लगभग 2 प्रतिशत क्षेत्रों में प्रतिष्ठापित किये जाने का लक्ष्य है, ताकि बिहार के सब्जी एवं फल का उत्पादकता एवं उत्पादन में बढ़ोतरी हो। इस योजना अंतर्गत किसानों को राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त टॉप-अप प्रदान करते हुए सभी श्रेणी के कृषकों को ड्रिप अन्तर्गत 90 प्रतिशत एवं स्प्रिंकलर अन्तर्गत 75 प्रतिशत सहायता अनुदान देने का प्रावधान है।

कृषक जगत को व्हाट्सएप पर फॉलो करें
खेती-किसानी की ताज़ा खबरें, सीधे आपके फ़ोन पर
चैनल फॉलो करें

(नवीनतम कृषि समाचार और अपडेट के लिए आप अपने मनपसंद प्लेटफॉर्म पे कृषक जगत से जुड़े – गूगल न्यूज़,  टेलीग्राम, व्हाट्सएप्प)

(कृषक जगत अखबार की सदस्यता लेने के लिए यहां क्लिक करें – घर बैठे विस्तृत कृषि पद्धतियों और नई तकनीक के बारे में पढ़ें)

कृषक जगत ई-पेपर पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

www.krishakjagat.org/kj_epaper/

कृषक जगत की अंग्रेजी वेबसाइट पर जाने के लिए नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें:

www.global-agriculture.com