रिलायंस फाउण्डेशन की किसानों को सलाह

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  • वर्तमान समय में गेहूं फसल में जड़ माहू कीट का प्रकोप होने की संभावना है। यह कीट हल्के पीले रंग से गहरे हरे रंग का होता है। यह कीट गेहूं फसल में पौधों की जड़ों से रस चूसता है जिसके कारण पौधा पीला पडऩे लगता है। और धीरे-धीरे सूखने लगता है।
  • गेहूं फसल में जड़ माहू कीट का प्रकोप होने पर नियंत्रण हेतु इमीडाक्लोप्रिड 17.8 एस.एल. दवा 70 मिली मात्रा प्रति एकड़ को 150-200 लीटर पानी में घोल बनाकर पूरे खेत में अच्छी तरह से छिड़काव करें।
  • पाले का प्रभाव सर्वप्रथम धनिया, मटर, अरहर, चना तथा सब्जियों की फसलों पर दिखाई देता है। फसल पर पाले का प्रभाव कम हो इसके लिए मेड़ के चारों ओर कचरा जलाकर धुंआ करें। आधा सूखा कचरा जलाने से धुआं अधिक होगा।
  • शीघ्र बोई गई चने की फसल इस समय शाखा फूटने की अवस्था पर है, फसल में 30-35 दिन की अवस्था पर सिंचाई अवश्य करें। चने में कटुआ इल्ली कीट की रोकथाम करें। नीम की पत्ती के 10 प्रतिशत घोल का छिड़काव करें।
  • अरहर में फली भेदक कीटों के नियंत्रण हेतु इंडोक्साकार्ब कीटनाशी 120 ग्राम 200 लीटर पानी में घोलकर प्रति एकड़ की दर से छिड़केें।
  • कपास की फसल में गुलाबी बॉलवर्म कीटों की निगरानी के लिए प्रति एकड़ 8 फेरोमोन जाल लगा सकते हैं। तथा क्विनालफॉस 20त्न्रस्न मिली 2.5 मिली प्रति लीटर पानी में मिलाकर छिड़केें।

उद्यानिकी 

  • लहसुन एवं प्याज में थ्रिप्स के बचाव के लिए इमीडाक्लोप्रिड 17.8 एसएल दवा की 7 मिली मात्रा प्रति लीटर पानी में घोल बनाकर छिड़कें।

पशुपालन

  • चारे हेतु बरसीम की फसल की समय-समय पर कटाई करें, कटाई उपरांत सिंचाई कर अनुशंसित उर्वरक की मात्रा दें।
  • रात में ठंड से मवेशियों को सुरक्षित रखें। दिन के समय पर सूरज की रोशनी में पशुओं को बाँधे। पशुओं को ताजा पानी दिन में दो बार दें।

अधिक जानकारी हेतु टोल फ्री नं 1800-419-8800 पर संपर्क करें।

कृषि, पशुपालन, मौसम, स्वास्थ, शिक्षा आदि की जानकारी के लिए जियो चैट डाउनलोड करें-डाउनलोड करने की प्रक्रिया:-

  • गूगल प्ले स्टोर से जियो चैट एप का चयन करें और इंस्टॉल बटन दबाएं।
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  • या आप नीचे के QR Code को स्कैन कर, सीधे Information Services MP चैनल का चयन कर सकते हैं।
टोल फ्री नं.18004198800 पर 
संपर्क करें सुबह 9.30 से शाम 7.30 बजे तक
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