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राज्य कृषि समाचार (State News)

रेगिस्तान में उग रहा ‘मीठा सोना’, बीकानेर में खजूर की खेती बनी किसानों की नई उम्मीद

50 से 80 रुपये किलो तक मिल रहे दाम; प्रति पौधा 80 से 100 किलो उत्पादन, पौधारोपण पर 75 प्रतिशत तक अनुदान

22 जुलाई 2026, बीकानेर: रेगिस्तान में उग रहा ‘मीठा सोना’, बीकानेर में खजूर की खेती बनी किसानों की नई उम्मीद – राजस्थान के शुष्क और रेगिस्तानी क्षेत्र में खजूर की खेती किसानों के लिए आय का नया और लाभकारी विकल्प बनकर उभर रही है। बीकानेर जिले में इस वर्ष खजूर का उत्पादन रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचा है। बाजार में 50 से ₹80 प्रति किलोग्राम तक अच्छे दाम मिलने से किसानों का रुझान तेजी से खजूर बागवानी की ओर बढ़ रहा है।

खजूर की खेती की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह कम पानी और गर्म जलवायु वाले क्षेत्रों में भी अच्छी तरह विकसित हो सकती है। बीकानेर की जलवायु खजूर उत्पादन के लिए अनुकूल साबित हो रही है। किसानों को इस वर्ष प्रति पौधा 80 से 100 किलोग्राम तक उत्पादन प्राप्त हुआ है, जिससे उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।

75 प्रतिशत तक अनुदान से किसानों को प्रोत्साहन

खजूर की खेती को बढ़ावा देने के लिए उद्यान विभाग द्वारा राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत किसानों को खजूर पौधारोपण पर 75 प्रतिशत तक अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे किसानों को शुरुआती निवेश का आर्थिक बोझ कम करने में मदद मिल रही है।

कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि पारंपरिक फसलों के साथ किसानों को ऐसी बागवानी फसलों की ओर भी बढ़ना चाहिए, जिनसे लंबे समय तक बेहतर आय प्राप्त हो सके। खजूर की खेती इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण विकल्प साबित हो रही है।

बीकानेर में खजूर की खेती का बढ़ता दायरा यह संकेत दे रहा है कि आधुनिक तकनीक, सरकारी सहायता और क्षेत्र की अनुकूल जलवायु के समन्वय से रेगिस्तानी जमीन भी किसानों के लिए समृद्धि का माध्यम बन सकती है।

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