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राज्य कृषि समाचार (State News)

छत्तीसगढ़ को लघु वनोपज खरीदी के लिए 11 राष्ट्रीय पुरस्कार

10 अगस्त 2021, रायपुर । छत्तीसगढ़ को लघु वनोपज खरीदी के लिए 11 राष्ट्रीय पुरस्कार – मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने ‘‘लोकवाणी‘‘ की 20वीं कड़ी में ‘‘आदिवासी अंचलों की अपेक्षाएं और विकास‘‘ विषय पर प्रदेशवासियों से बात-चीत करते हुए सबसे पहले छत्तीसगढ़ी में प्रदेशवासियों को पारंपरिक हरेली तिहार की बधाई और शुभकामनाएं दी। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने ढाई वर्षों में 29 नई तहसीलें और 4 नए अनुविभाग गठित किए हैं, उनमें से अधिकतर आदिवासी अंचल में ही हैं। कोरिया जिले में पटना के साथ चिरमिरी और केल्हारी तहसीलें भी गठित की गई हैं। इसके अलावा कबीरधाम जिले में रेंगाखार-कला, सरगुजा जिले में दरिमा, बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में रामचंद्रपुर, सामरी, सूरजपुर जिले में लटोरी, बिहारपुर, जशपुर जिले में सन्ना और सुकमा जिले में गादीरास आदि प्रमुख हैं। इसी तरह चार नवीन अनुविभागों में दंतेवाड़ा का बड़े बचेली और बस्तर का लोहंडीगुड़ा शामिल है। बरसों पुरानी मांग को ध्यान में रखते हुए गौरेला – पेण्ड्रा – मरवाही को जिला ही नहीं बनाया गया बल्कि आदिवासी बहुल आबादी वाले इस क्षेत्र को उनका हक भी दिया गया।

52 वनोपज की समर्थन मूल्य पर खरीदी

मुख्यमंत्री ने कहा आदिवासी अंचलों में सरकार और व्यवस्था के प्रति विश्वास का नया दौर शुरू हुआ है। हमने 7 से बढ़ाकर 52 वनोपज को समर्थन मूल्य पर खरीदने की व्यवस्था की, पुरानी दरों को भी बदला जिसके कारण वनोपज संग्रह से ही 500 करोड़ रुपए से अधिक अतिरिक्त सालाना आमदनी का रास्ता बन गया। अनुसूचित क्षेत्रों में कोदो, कुटकी, रागी जैसी फसलों को भी समर्थन मूल्य पर खरीदने के इंतजाम किए गए हैं तथा लाख को कृषि का दर्जा दिया गया है। वन अधिकार मान्यता पत्रधारी परिवारों के खेतों में उपजे धान को भी समर्थन मूल्य पर खरीदने की व्यवस्था की गई है

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छत्तीसगढ़ को लघु वनोपज की खरीदी के लिए 11 राष्ट्रीय पुरस्कार

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कबीरधाम जिले के श्री किशन लाल द्वारा वनोपजों के प्रसंस्करण को आगे बढ़ाने को लेकर पूछे गए प्रश्न के जवाब में मुख्यमंत्री श्री बघेल ने बताया कि बस्तर जिले के लोहंडीगुड़ा में एक बड़े उद्योग की स्थापना के नाम से ली गई आदिवासियों की जमीन वापसी की घोषणा के साथ आदिवासियों को न्याय दिलाने का सिलसिला शुरू हो गया है। छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ द्वारा ‘छत्तीसगढ़ हर्बल ब्रांड’ के नाम से 121 उत्पादों की मार्केटिंग की जा रही है। भारत सरकार की संस्था ट्रायफेड द्वारा 6 अगस्त को छत्तीसगढ़ को लघु वनोपज की खरीदी तथा इससे संबंधित अन्य व्यवस्थाओं के लिए 11 राष्ट्रीय पुरस्कार प्रदान किए गए हैं। 

 ‘मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना’ से बढ़ेंगे ग्रामीणों के आय के साधन

‘मुख्यमंत्री वृक्षारोपण प्रोत्साहन योजना’ के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना को वे भविष्य में स्थानीय लोगों, आदिवासी और वन आश्रित परिवारों की आय के बहुत बड़े साधन के रूप में देखते हैं। खुद लगाए वृक्षों से इमारती लकड़ी की कटाई और फलों को बेचकर लोगों की आय बड़े पैमाने पर बढ़ेगी।  निजी लोगों को ही नहीं, बल्कि पंचायतों और वन प्रबंधन समितियों को भी पेड़ लगाने और काटने के अधिकार दिए गए हैं।