कम्पनी समाचार (Industry News)

महिंद्रा ने अंगूरों के निर्यात में 2 दशक पूरे किए

28 मार्च 2025, नासिक: महिंद्रा ने अंगूरों के निर्यात में 2 दशक पूरे किए – महिंद्रा एंड महिंद्रा लिमिटेड की कंपनी, महिंद्रा एग्री सॉल्यूशंस लिमिटेड (एमएएसएल) ने भारत से टेबल अंगूरों के वैश्विक निर्यात में 20 साल पूरे करने की घोषणा की। 2005 में यूरोप को पहली खेप भेजने के साथ शुरू हुआ यह सफर आज उत्तरी अमेरिका, यूरोप, चीन और दक्षिण पूर्व एशिया जैसे बाजारों तक पहुंच चुका है। एमएएसएल इन देशों में गुणवत्ता और टिकाऊ तरीकों से उगाए गए अंगूरों की आपूर्ति करता है।

कंपनी थॉमसन और सोनाका जैसे सफेद बीजरहित अंगूर, फ्लेम और क्रिमसन जैसे लाल बीजरहित अंगूर, और सबोरो व फ्रूकिन्ज़ ब्रांड के तहत जंबो व शरद जैसे काले बीजरहित अंगूरों का निर्यात करती है।

नासिक में स्थित महिंद्रा का अंगूर पैकहाउस, जो 2019 में शुरू हुआ, कटाई के बाद की प्रक्रिया को संभालता है। यह पैकहाउस अंगूरों की छंटाई और पैकिंग के लिए आधुनिक तकनीकों से लैस है। इसके चलते किसानों की उपज में भी इजाफा हुआ है, जो अब प्रति एकड़ 2.5 मीट्रिक टन से बढ़कर 7.5 मीट्रिक टन तक पहुंच गई है।

एमएएसएल के सीईओ और प्रबंध निदेशक रमेश रामचंद्रन ने कहा, “पिछले 20 सालों में हमारे अंगूर व्यवसाय ने जो मुकाम हासिल किया, उस पर हमें गर्व है। यह उपलब्धि किसानों की मेहनत और हमारी गुणवत्ता के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाती है। नासिक का हमारा पैकहाउस आधुनिक सुविधाओं के साथ उद्योग में एक मिसाल है।”

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75,000 वर्ग फीट से ज्यादा क्षेत्र में फैला यह पैकहाउस 6.5 एकड़ जमीन पर बना है। यहां रोजाना 80 मीट्रिक टन अंगूर पैक करने की क्षमता है। इसमें 12 प्रीकूलिंग चैंबर और दो कोल्ड स्टोरेज यूनिट हैं, जिनमें प्रत्येक की क्षमता 170 मीट्रिक टन है। ये सुविधाएं अंगूरों की ताजगी बनाए रखने में मदद करती हैं।

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