UP सरकार किसानों से खरीदेगी 10 लाख मीट्रिक टन गेहूं, मुख्य सचिव ने 48 घंटे के भीतर भुगतान के दिए निर्देश
20 मार्च 2026, भोपाल: UP सरकार किसानों से खरीदेगी 10 लाख मीट्रिक टन गेहूं, मुख्य सचिव ने 48 घंटे के भीतर भुगतान के दिए निर्देश – उत्तर प्रदेश सरकार ने रबी विपणन सत्र 2026-27 की तैयारियों को तेज कर दिया है। इस बार राज्य सरकार ने किसानों को उनकी फसल का सही दाम देने के लिए गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) 2,585 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है। इसी कड़ी में मुख्य सचिव एस.पी. गोयल की अध्यक्षता में गेहूं उपार्जन को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि गेहूं उपार्जन से जुड़ी सभी व्यवस्थाओं को समय से पूरा किया जाए, ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने में किसी प्रकार की असुविधा न हो।
48 घंटे के भीतर मिलेगा किसानों को भुगतान
इस दौरान, मुख्य सचिव ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि सभी क्रय केन्द्रों का निरीक्षण कर उन्हें पूरी तरह क्रियाशील बनाया जाए। साथ ही, कृषकों को के लिए साफ पानी, छाया, बैठने की व्यवस्था और साफ-सफाई जैसी मूलभूत सुविधाओं का विशेष ध्यान रखें। इसके अलावा, किसानों को गेहूं की तौल समय पर करने और बोरों की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश भी दिए गए हैं।
मोबाइल क्रय केन्द्रों से सुविधा
स्थायी क्रय केन्द्रों के अतिरिक्त दूरदराज के किसानों की सुविधा के लिए 504 मोबाइल क्रय केन्द्र भी स्थापित किए जाएंगे। इससे दूर रहने वाले किसानों को अपनी उपज बेचने में आसानी होगी और समय पर भुगतान सुनिश्चित होगा।
10 लाख मीट्रिक टन गेहूं खरीद का लक्ष्य
भारत सरकार द्वारा वर्ष 2026-27 के लिए गेहूं क्रय का लक्ष्य 10 लाख मीट्रिक टन रखा गया है। यह क्रय कार्य 25 मार्च से 15 जून, 2026 के बीच संपन्न होगा। इस साल MSP में 160 रुपये प्रति क्विंटल की बढ़ोतरी की गई है, जिससे क्रय केन्द्रों पर अपेक्षाकृत अधिक मात्रा में गेहूं आने की संभावना है।
उत्तर प्रदेश में कुल 5,000 क्रय केन्द्र प्रस्तावित थे, जिनमें से 4,990 स्थायी और 504 मोबाइल क्रय केन्द्र अनुमोदित किए जा चुके हैं। मुख्य सचिव ने अधिकारियों से कहा कि सभी केन्द्र समय पर तैयार हों और किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।
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