राज्य कृषि समाचार (State News)

राजस्थान में 5 दिवसीय कृषि प्रशिक्षण संपन्न: कृषि सखियों को दी गई प्राकृतिक खेती करने की जानकारी

21 जुलाई 2025, जयपुर: राजस्थान में 5 दिवसीय कृषि प्रशिक्षण संपन्न: कृषि सखियों को दी गई प्राकृतिक खेती करने की जानकारी – राजस्थान के श्री कर्ण नरेंद्र कृषि विश्वविद्यालय, जोबनेर में आयोजित राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के अंतर्गत पांच दिवसीय “कृषक सखी/सीआरपी प्रशिक्षण” कार्यक्रम का शनिवार को सफलतापूर्वक समापन हो गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य किसानों और विशेष रूप से कृषि सखियों को प्राकृतिक खेती की तकनीक और इसके फायदे समझाना था।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. बलराज सिंह ने बताया कि खेती में रसायनों के अत्यधिक उपयोग से जमीन की उर्वरता और स्वास्थ्य दोनों पर असर पड़ता है। उन्होंने प्रशिक्षण में भाग लेने वाली कृषि सखियों को सलाह दी कि वे प्राकृतिक खेती को अपनाएं और खेती में प्राकृतिक संसाधनों का सही इस्तेमाल करें। इससे न केवल भूमि उपजाऊ बनी रहेगी बल्कि लोगों को सेहतमंद भोजन भी मिलेगा। 

प्राकृतिक खेती को लेकर लोगों में जागरूकता जरूरी

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे निदेशक प्रसार शिक्षा, जोबनेर डॉ. एस आर ढाका ने कहा कि प्राकृतिक खेती केवल खेतों में नहीं बल्कि जन-जन तक जागरूकता के जरिए पहुंचानी है। जब ज्यादा से ज्यादा किसान इस पद्धति को अपनाएंगे तभी इसका असर दिखेगा।

कृषि सखियों को बताया गया उनका दायित्व

उपनिदेशक कृषि एवं पदेन परियोजना निदेशक, आत्मा जयपुर,  भगवान सहाय यादव ने प्रशिक्षण में शामिल कृषि सखियों को उनके कार्य और जिम्मेदारियों के बारे में बताया। उन्होंने समझाया कि किसानों तक सही जानकारी पहुंचाने और उन्हें प्राकृतिक खेती के लिए प्रेरित करने में कृषि सखियों की भूमिका बहुत अहम है।

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राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन की दी गई जानकारी

सहायक निदेशक कृषि विस्तार जोबनेर डॉ. सुरेश यादव ने राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इस योजना के तहत किसानों को लागत कम करके ज़्यादा उत्पादन और अच्छा स्वास्थ्य देने का प्रयास किया जा रहा है।

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प्रशिक्षण के दौरान कृषि सखियों को रुद्र शिवम डेयरी भैराणा और जोबनेर कृषि विश्वविद्यालय के प्राकृतिक खेती यूनिट का भ्रमण भी करवाया गया। इससे उन्हें जमीनी स्तर पर खेती में हो रहे बदलाव देखने और समझने का अवसर मिला।

कई अधिकारी रहे मौजूद

कार्यक्रम में प्रशिक्षण समन्वयक डॉ. बनवारी लाल आसिवाल, डॉ. रामावतार शर्मा, डॉ. रोशन चौधरी, कृषि अधिकारी श्री दिनेश कुमावत सहित कई अधिकारी और विशेषज्ञ उपस्थित रहे। सभी ने प्राकृतिक खेती के फायदे बताते हुए प्रतिभागियों को बेहतर खेती के लिए प्रेरित किया।

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