900 करोड़ का मुख्यमंत्री ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम मंजूर

व्हाट्सएप या फेसबुक पर शेयर करने के लिए नीचे क्लिक करें

भोपाल। मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान की अध्यक्षता में गत दिनों संपन्न मंत्रि-परिषद की बैठक में प्रदेश में प्लास्टिक कैरी बैग पर 1 मई से प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया गया। मंत्रि-परिषद ने राष्ट्रीय हरित अधिकरण के आदेश के पालन में पूरे प्रदेश में प्लास्टिक कैरी बैग के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के लिए मध्यप्रदेश जैव अनाश्य अपशिष्ट (नियंत्रण) संशोधन अध्यादेश 2017 को अनुमोदन किया।
मंत्रि-परिषद ने लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अंतर्गत मुख्यमंत्री ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम के नाम से एक नई योजना प्रारंभ करने की स्वीकृति दी। योजना की लागत 900 करोड़ रुपए है। इसके अंतर्गत वर्ष 2017-18 में प्रदेश की 10 हजार ग्रामीण बसाहटों में हैंड पंप से पेयजल उपलब्ध कराये जाने तथा 5000 ग्रामीण बसाहटों में नल-जल योजनाओं के कार्य किये जायेंगे। ग्रामीण नल-जल योजनाओं का स्त्रोत संरक्षण, ग्रामीण क्षेत्रों में स्थापित हैंडपंपों तथा समूह पेयजल योजनाओं का संधारण भी इस योजना में किया जायेगा।
3 जिलों की सिंचाई परियोजना मंजूर
मंत्रि-परिषद ने तीन जिलों की सिंचाई परियोजनाओं को भी प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की। इनमें सागर जिले में कडान मध्यम सिंचाई परियोजना की 9 हजार 990 हेक्टर सिंचाई क्षमता के लिए 385.79 करोड़ रुपये की स्वीकृति प्रदान की गई। इस परियोजना से सागर जिले के राहतगढ़ और बंडा विकासखंड के 53 गाँव लाभान्वित होंगे। परियोजना से सागर जिले के राहतगढ़ विकासखंड के 107 गाँवों को पेयजल प्रदान किया जायेगा। इसी प्रकार बिलगाँव मध्यम सिंचाई परियोजना के कुल सैंच्य क्षेत्र 9 हजार 980 हेक्टयर रबी सिंचाई के लिए 269.90 करोड़ की पुनरीक्षित स्वीकृति प्रदान की गई। इस परियोजना से डिंडौरी जिले की शहपुरा तहसील के 46 गाँव लाभान्वित होंगे।

व्हाट्सएप या फेसबुक पर शेयर करने के लिए नीचे क्लिक करें
Advertisements

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

13 − 1 =

Open chat
1
आपको यह खबर अपने किसान मित्रों के साथ साझा करनी चाहिए। ऊपर दिए गए 'शेयर' बटन पर क्लिक करें।