सोयाबीन की बुआई कब की जाये। अन्य फसलों के बारे में तथा तिली के विषय में बतायें।

समाधान- जब 4 इंच वर्षा हो चुकी हो, आपका प्रश्न अन्य पाठकों के लिये उपयोगी होगा इस कारण इसे स्तंभ में लिया जा रहा है। आप निम्न बातें ध्यान में रखें।

  • आपके क्षेत्र में 7 इंच वर्षा हो चुकी इस बात की पुष्टि जरूर करें। आसपास कृषि विज्ञान केन्द्र या कृषि के मैदानी कार्यकर्ता का कार्यालय है वहां जाकर वर्षा की पुष्टि करें।
  • आमतौर पर 4 इंच वर्षा होने के उपरांत ही बुआई शुरू करें। परंतु आने वाले मौसम या बरसात की पूरी संभावनाओं के बाद ही बुआई की जाये अन्यथा स्वयं से श्रोत से सिंचाई की व्यवस्था होते ही बोनी की जाये।
  • इस वर्ष के मौसम में अधिक से अधिक क्षेत्र में यदि अंतरवर्तीय फसल पद्धति का विस्तार हो तो अधिक लाभकारी होगा।
  • ज्वार, अरहर, तिल की अंतरवर्तीय फसल सोयाबीन के साथ की जाये। यथासंभव बाजरा लगाने के लिये इस वर्ष अच्छा मौका है तथा नुकसान से बचने का उपाय भी।
  • तिल का 5 किलो बीज/हेक्टर पर्याप्त होगा जिसे गोबर की खाद में मिलाकर यथासंभव हाथों से उराई की जाये ताकि बीज गहराई पर ना जा पाये।
  • उर्वरक बीज मिश्रण कदापि नहीं करें तथा हर दाने को उपचारित करके ही लगाये।
  • सोयाबीन के बीज की कमी तथा उसके महंगे दाम के कारण अंकुरण परीक्षण करके ही बीज डालें।

– मनोज प्रसाद, दमोह

www.krishakjagat.org
Share