समस्या – गर्मियों में लगाई जाने वाली फसलों के बारे में जानकारी दें जो कम पानी में अधिक उत्पादन दे सके। ओलावृष्टि से फसल के नुकसान का मुआवजा कब मिलेगा।

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शिव कुमार तिवारी, टीकमगढ़
समाधान – रबी की फसल काटने के बाद सिंचाई साधन उपलब्धि की स्थिति में जायद (ग्रीष्मकाल) में मूंग, उड़द, लोबिया, भिंडी और अन्य कद्दूवर्गीय फसल लगा सकते है। कृषक जगत में दिसम्बर माह के अंकों से लेकर अप्रैल तक सभी अंकों में उक्त फसलों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है। कृषकों के दूरभाष हमारे पास आते हैं कई जगह तो मूंग की फसल काटने की स्थिति में भी पहुंच रही है। आपके यहां कृषक जगत अखबार आता होगा कृपया उनमें प्रकाशित सामग्री को पढ। इस वर्ष तो ओलावृष्टि असमय पानी को देखते हुए चारा फसलों के बारे में जानकारी प्रकाशित की गई। अब अप्रैल समाप्ति की ओर है। मई लगने वाला इस समय कोई भी गर्मी की फसल लगाना हितकर नहीं होगा अब तो धान की, मिर्च की, प्याज की नर्सरी डालने का वक्त चल रहा है जहां तक रबी फसलों में हुई ओलावृष्टि से हुई क्षति का सवाल है सर्वेक्षण चालू है आप अपने जिले टीकमगढ़ के उपसंचालक कृषि से भेंट करके प्रकरण की स्थिति की पूछताछ कर सकते हैं उनका दूरभाष 07683-242346 है।

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