पेप्सिको और गुजरात के आलू किसानों का मामला - कंपनी ने वापस लिए मुकदमे

Share On : facebook-krishakjagat.org twitter-krishakjagat.org whatsapp-krishakjagat.org

पेप्सिको-और-गुजरात-के-आलू-किसानों-का-म

अहमदाबाद। बहुराष्ट्रीय पेय निर्माता कंपनी पेप्सिको इंडिया होल्डिंग्स और गुजरात के 9 आलू उत्पादकों के बीच चल रही कानूनी लड़ाई औपचारिक रूप से समाप्त हो गई है। पेप्सिको ने गत दिनों अपना कानूनी मुकदमा वापस ले लिया।

पेप्सिको इंडिया ने अपने मामले वापस लेने की अर्जी दी थी। इनमें चार मामले अहमदाबाद की वाणिज्यिक अदालत में और पांच साबरकांठा जिले के मोडसा जिला अदालत में थे।

कंपनी ने गुजरात में 9 आलू किसानों के खिलाफ कानूनी मामले दर्ज कराए थे। इन मामलों में पांच पिछले साल और चार इस साल के हैं। कंपनी ने इन किसानों पर एफएल 2027 किस्म के आलू के बीज खरीदने और बेचने का आरोप लगाया था। आलू की यह किस्म 'लेज' चिप्स बनाने के लिए पेप्सिको द्वारा पंजीकृत है।

कंपनी ने सरकार के साथ बात की और उसे बीज सुरक्षा संबंधित सभी मुद्दों के दीर्घावधि और उचित समाधान का आश्वासन दिया गया। इसके बाद कंपनी ने इन मामलों को वापस ले लिया।

कानूनी प्रक्रिया के तहत पेप्सिको ने प्रोटेक्शन ऑफ प्लांट वेरायटीज एंड फार्मर्स राइट (पीपीवी एंड एफआर) एक्ट, 2001 के तहत कथित किस्म को लेकर विशेष अधिकार का दावा किया था और चार किसानों से एक करोड़ रुपए का मुआवजा मांगा था। इन मामलों ने दुनियाभर का ध्यान आकर्षित किया था और कई किसान समूहों, संगठनों और कार्यकर्ताओं ने गुजरात के आलू उत्पादकों पर मुकदमों के खिलाफ रैलियां निकाली थीं और बीजों को लेकर किसानों के हक को सुरक्षित बनाने के लिए सरकार से समर्थन की मांग की और पेप्सिको के उत्पादों का बहिष्कार करने का भी आह्वान किया था।

पेप्सिको इंयिा का कहना है कि अदालत में मामले वापस लेने के संबंध में उसकी अर्जी उसके पिछले बयान के अनुरूप थी।

पेप्सिको इंडिया के एक अधिकारी ने कहा, 'पेप्सिको शुरू से ही किसानों के साथ विवाद का उचित समाधान निकालना चाहती थी।
 

Share On : facebook-krishakjagat.org twitter-krishakjagat.org whatsapp-krishakjagat.org

Follow us on

Subscribe Here

For More Articles

Releated News