आईसीएआर का कृषि वि.वि. में सघन दौरा

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जबलपुर। जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्वविद्यालय में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद नई दिल्ली की 5 सदस्यीय पिअर मॉनिटरिंग एण्ड रिव्यू टीम का गत दिनों आगमन हुआ। टीम अध्यक्ष डॉं. आर.सी. महेश्वरी, पूर्व कुलपति एस.डी. कृषि विश्वविद्यालय गुजरात के साथ चार सदस्यों डॉं. जे.एस. भाटिया पूर्व ए.डी.जी. भा.कृ.अ.प. दिल्ली, डॉं. निधि वर्मा प्रमुख वैज्ञानिक (ई.पी. -एच.एस.) भा.कृ.अ.प. दिल्ली, डॉं. बी.एस. द्विवेदी प्राध्यापक एवं विभागाध्यक्ष, मृदा विज्ञान, इंडियन एग्रीकल्चर रिसर्च इंस्टीट्यूट दिल्ली एवं श्री राधेश्याम लेखा नियंत्रक इंडियन वेटनरी रिसर्च इंस्टीट्यूट बरेली उप्र आदि ने जनेकृविवि जबलपुर के विभागों, कृषि महाविद्यालय जबलपुर एवं कृषि अभियांत्रिकी महाविद्यालय जबलपुर तथा कृषि विज्ञान केन्द्र जबलपुर के प्रक्षेत्रों, पुस्तकालयों, छात्रावासों, प्रयोगशालाओं, व्यवसायिक योजना एवं विकास इकाई, क्रीड़ागण तथा नवनिर्मित विभिन्न भवनों आदि का सघन दौरा व निरीक्षण कर आवश्यक जानकारियां प्राप्त की और सामयिक सुझाव एवं निर्देश दिये। इस मौके पर विवि कुलपति प्रो. विजय सिंह तोमर, अधिष्ठाता कृषि संकाय डॉं. पी.के. मिश्रा, संचालक अनुसंधान सेवाएं डॉं. एस.के. राव, संचालक विस्तार सेवाएं डॉं. पी.के. बिसेन, संचालक शिक्षण डॉं. धीरेन्द्र खरे, संचालक प्रक्षेत्र डॉं. डी.के. मिश्रा, कुलसचिव श्री अशोक कुमार इंगले, लेखानियंत्रक श्री अनिल केशरवानी, अधिष्ठाता कृषि महाविद्यालय डॉं. (श्रीमती) ओम गुप्ता, अधिष्ठाता कृषि अभियांत्रिकी     महाविद्यालय डॉं. राजेन्द्र कुमार नेमा, अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉं. व्ही.के. प्यासी, कार्यपालन यंत्री इंजी. पी.के. सिंह, उप-लेखानियंत्रक डॉं. यू.के. खरे आदि ने विश्वविद्यालय की अनुसंधान, विस्तार, शिक्षा, प्रशासनिक, वित्त और निर्माण संबंधी उपलब्धियों, जानकारियों, समस्याएं और जरूरतों से टीम को अवगत कराया। इस अवसर पर विवि के वैज्ञानिकों द्वारा रचित एवं प्रकाशित करीब 3 हजार पत्र-पत्रिकाएं एवं पुस्तकें अवलोकनार्थ रखी गई।
संचालक अनुसंधान सेवाएं डॉं. एस.के. राव ने संक्षिप्त प्रस्तुतिकरण में बताया कि विश्वविद्यालय प्रजनक बीज उत्पादन में देश में जहां अग्रणी है वहीं 260 से भी अधिक फसलों की उन्नत किस्में विकसित कर कृषि, कृषक और देश की तरक्की में बहुत बड़ा और ऐतिहासिक योगदान दिया है।

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