चने में दो-तीन प्रकार के उपचार बताये जाते है कौनसा उपचार कब, विस्तार से बतायें।

समाधान – चने दलहनी फसलों में आता है। इसके अच्छे उत्पादन के लिये छोटी-छोटी कृषि तकनीकी का अंगीकरण बड़ा लाभ देने की क्षमता रखती है। बीजोपचार उनमेें एक अत्यधिक महत्वपूर्ण कार्य है। जिससे एक तीर से दो शिकार ही नहीं बल्कि कई शिकार संभव है आप निम्न उपाय करें।

  • सबसे पहले बुआई के पूर्व बंडों से चना निकाल कर उसकी छंटाई/छनाई करके कटे-छटे दानों को अलग कर दें।
  • इस सुडोल बीज का उपचार 2-3 ग्राम थाईरम फफूंदनाशी से प्रति किलो बीज को उपचारित करें।
  • चने में जिसने इन तीनों कल्चर का उपयोग बुआई पूर्व कर लिया तो समझिये उनके चने की फसल का जीवन बीमा हो चुका है।

– जगदीश वर्मा, बोहानी

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